नई दिल्ली : दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने मंगलवार को बुराड़ी स्थित परिवहन विभाग के विभिन्न परिसरों का औचक निरीक्षण कर नागरिक सुविधाओं और बुनियादी ढांचे का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने निर्माणाधीन ऑटोमेटेड टेस्टिंग स्टेशन (एटीएस), जिला परिवहन कार्यालय (डीटीओ), वाहन निरीक्षण इकाई और हेवी मोटर व्हीकल ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट का दौरा किया तथा अधिकारियों को व्यवस्थाओं में सुधार के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने सबसे पहले निर्माणाधीन ऑटोमेटेड टेस्टिंग स्टेशन का निरीक्षण किया। अधिकारियों ने बताया कि नए एटीएस में एक समय में पांच वाहनों की जांच की जा सकेगी और प्रतिवर्ष 80 से 90 हजार व्यावसायिक वाहनों की फिटनेस जांच की क्षमता होगी। मुख्यमंत्री ने निर्माण कार्य की गुणवत्ता बनाए रखने और इसे निर्धारित समय सीमा में पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने परिसर में वर्षा जल संचयन और भूजल पुनर्भरण की प्रभावी व्यवस्था विकसित करने पर भी जोर दिया।
डीटीओ कार्यालय के निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने भवन के बाहर लंबी कतारों और नागरिकों को हो रही असुविधा पर नाराजगी जताई। कई आवेदकों ने बैठने, स्वच्छ पेयजल और अन्य मूलभूत सुविधाओं के अभाव की शिकायत की। इस पर मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को फटकार लगाते हुए तत्काल सभी आवेदकों के लिए भवन के भीतर बैठने की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने आधुनिक प्रतीक्षालय, ठंडे पेयजल, पंखे, कूलर और स्वच्छ शौचालय जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराने को कहा।
मुख्यमंत्री ने डीटीओ परिसर के समग्र पुनर्विकास के लिए मास्टर प्लान तैयार करने का निर्देश भी दिया। उन्होंने कहा कि परिसर को आधुनिक सुविधाओं से युक्त “मॉडल परिवहन सेवा केंद्र” के रूप में विकसित किया जाएगा। साथ ही वाहन निरीक्षण प्रणाली को आधुनिक तकनीक से अपग्रेड करने और प्रशिक्षण संस्थानों की गुणवत्ता बढ़ाने पर भी बल दिया। रेखा गुप्ता ने कहा कि दिल्ली सरकार नागरिकों को पारदर्शी, सुरक्षित, सुविधाजनक और विश्वस्तरीय परिवहन सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है।

