Delhi AQI : दिल्ली-एनसीआर में इन दिनों प्रदूषण ने फिर से ज़हरीली हवा का सामना कराया है। शहर के विभिन्न हिस्सों में वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) ने एक बार फिर भयावह स्तर छू लिया है। बुधवार, 22 अक्टूबर को दिल्ली के ITO में AQI 361 दर्ज किया गया, जो ‘बेहद खराब’ श्रेणी में आता है। वहीं, अक्षरधाम क्षेत्र के आसपास भी AQI 360 के आसपास रहा, जो ‘बहुत खराब’ श्रेणी में आता है।
दिल्ली में GRAP-2 लागू होने के बाद ITO में आज सुबह वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 361 दर्ज किया गया, जो ‘बेहद खराब’ श्रेणी में है। pic.twitter.com/JKJ5spAC6t
— ANI_HindiNews (@AHindinews) October 22, 2025
वहीं, केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, पंजाबी बाग में AQI 437 रिकॉर्ड किया गया, जो कि ‘गंभीर’ और ‘खतरनाक’ श्रेणियों के बीच है। यह आंकड़ा दिल्ली-एनसीआर में आज तक का सबसे खराब AQI है। नोएडा और गुरुग्राम में भी हवा की गुणवत्ता बेहद खराब है, नोएडा में AQI 298 और गुरुग्राम में 252 दर्ज किया गया।
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दिवाली के बाद बढ़ी प्रदूषण की समस्या
हालांकि, यह प्रदूषण का स्तर किसी एक दिन का मामला नहीं है। दिवाली के बाद से प्रदूषण ने रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस बार दिवाली पर पीएम 2.5 का स्तर 675 माइक्रोग्राम प्रति घनमीटर दर्ज किया गया, जो पिछले चार सालों में सबसे ज्यादा है। यह आंकड़ा पिछले साल 609, 2023 में 570, 2022 में 534 और 2021 में 728 था।
ध्वनि प्रदूषण भी एक चिंता का विषय
प्रदूषण के इस संकट के साथ-साथ, दिल्ली में इस बार दिवाली पर शोर का स्तर भी बेहद बढ़ा हुआ था। प्रतिबंधों के बावजूद, शहर के 26 सक्रिय ध्वनि निगरानी केंद्रों में से 23 ने सीमा से अधिक शोर स्तर की सूचना दी। यह आंकड़ा पिछले साल 22 था और 2023 में 13 था। इस बार शोर प्रदूषण ने भी रिकॉर्ड तोड़ा, जिससे दिल्लीवासियों को अतिरिक्त मानसिक तनाव का सामना करना पड़ा।
राजनीतिक बयानबाजी और आरोप-प्रत्यारोप
दिल्ली में प्रदूषण के बढ़ते स्तर पर सियासत भी तेज हो गई है। दिल्ली सरकार में मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने आरोप लगाया है कि आम आदमी पार्टी (AAP) पंजाब के किसानों को जानबूझकर पराली जलाने के लिए उकसा रही है, ताकि दिल्ली की हवा और खराब हो सके और फिर सरकार को जिम्मेदार ठहराया जा सके। उन्होंने यह भी कहा कि इस साल दिवाली में पटाखों से प्रदूषण की स्थिति इतनी गंभीर नहीं थी, क्योंकि AQI सिर्फ 11 प्वॉइंट बढ़ा।
इसके जवाब में, आम आदमी पार्टी ने सिरसा के बयान को खारिज किया और दिल्ली सरकार के मंत्री को ‘अनपढ़’ बताया। AAP ने आरोप लगाया कि दिल्ली सरकार ने वादा किया था कि वह आर्टिफिशियल रेन कराएगी, लेकिन वह वादा अब तक पूरा नहीं हुआ है।

