नई दिल्ली: दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने राजधानी के वरिष्ठ नागरिकों के लिए एक ऐतिहासिक पहल की घोषणा करते हुए कहा कि अब 70 वर्ष या उससे अधिक आयु के किसी भी बुजुर्ग को इलाज के खर्च की चिंता नहीं करनी होगी। सरकार की नई योजना आयुष्मान वय वंदना योजना के तहत बुजुर्गों को 10 लाख तक का निशुल्क उपचार उपलब्ध कराया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह योजना केवल स्वास्थ्य सुरक्षा का प्रतीक नहीं, बल्कि सेवा, संस्कार और कर्तव्य की भावना को भी सशक्त रूप से दशार्ती है। कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा, हमारी सरकार ने यह सुनिश्चित किया है कि दिल्ली के हर बुजुर्ग को सम्मान और सुरक्षा मिले।
स्वास्थ्य सेवा केवल अधिकार नहीं, बल्कि हमारा नैतिक दायित्व है। वरिष्ठ नागरिकों ने अपने परिश्रम, समर्पण और मूल्यों से इस समाज की नींव रखी है। अब यह हमारी जिम्मेदारी है कि उनके जीवन के इस चरण में हम उन्हें हर संभव सुविधा और देखभाल दें। उन्होंने बताया कि आयुष्मान वय वंदना योजना के तहत दिल्ली के सभी 70 वर्ष या उससे अधिक उम्र के बुजुर्गों को सरकारी और पंजीकृत निजी अस्पतालों में कैशलेस इलाज की सुविधा मिलेगी। इसमें हृदय, कैंसर, किडनी, लिवर और अन्य गंभीर बीमारियों का संपूर्ण उपचार शामिल है। योजना के तहत अस्पताल में भर्ती होने, जांच, दवाइयों और सर्जरी का पूरा खर्च सरकार वहन करेगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि इस योजना का उद्देश्य न केवल स्वास्थ्य सुरक्षा प्रदान करना है, बल्कि बुजुर्गों के प्रति समाज में सम्मान और संवेदना की भावना को भी पुनर्जीवित करना है। उन्होंने कहा, यह योजना सेवा की उस परंपरा का प्रतीक है जो भारतीय संस्कृति की आत्मा में बसी है। हमारे बुजुर्गों के प्रति आदर और सेवा करना ही सच्चे भारत की पहचान है। सरकार का कहना है कि इस योजना के क्रियान्वयन से लगभग 3.5 लाख वरिष्ठ नागरिक सीधे लाभान्वित होंगे। दिल्ली सरकार ने सभी अस्पतालों को निर्देश दिया है कि वे पात्र बुजुर्गों के लिए विशेष हेल्प डेस्क स्थापित करें ताकि उन्हें किसी प्रकार की प्रशासनिक कठिनाई का सामना न करना पड़े।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार दिल्ली सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। हमारी कोशिश है कि कोई भी बुजुर्ग आर्थिक असमर्थता के कारण इलाज से वंचित न रहे। यह योजना हमारे सेवा ही संस्कार के संकल्प को आगे बढ़ाती है। कार्यक्रम के अंत में मुख्यमंत्री ने सभी नागरिकों से अपील की कि वे अपने परिवार और आसपास के वरिष्ठ नागरिकों को इस योजना के बारे में अवगत कराएँ, ताकि हर जरूरतमंद बुजुर्ग इसका लाभ उठा सके। उन्होंने कहा दिल्ली की पहचान अब सिर्फ राजधानी के रूप में नहीं, बल्कि संवेदनशील और सेवा-प्रधान समाज के रूप में होगी।

