Delhi CM Rekha Gupta : दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता उत्तराखंड के दौरे पर हैं। इस बीच, सोमवार को मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता अपने परिवार के साथ केदारनाथ धाम पहुंचीं। इस दौरान उन्होंने केदारनाथ मंदिर में पूजा-अर्चना की। सीएम रेखा गुप्ता ने रविवार को हरिद्वार में साधु-संतों से मुलाकात की। इस मौके पर उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी भी मौजूद थे।
CM धामी की तारीफ-
सीएम गुप्ता ने पुष्कर सिंह धामी की तारीफ करते हुए कहा था, ‘उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का नेतृत्व, कार्यशैली और विजन हर बार प्रेरित करता है। उनकी कई नीतियां जनकल्याण के सशक्त उदाहरण हैं, जिन्हें हम दिल्ली में भी अपनाने का काम करेंगे और दिल्ली को सुंदर बनाएंगे। उत्तराखंड निस्संदेह पूरे देश के लिए एक सकारात्मक मॉडल है। ऐसे व्यावहारिक, दूरदर्शी और जनसेवा के लिए समर्पित नेतृत्व से बातचीत करने से हमेशा सीखने का अवसर मिलता है।
उत्तराखंड के यशस्वी मुख्यमंत्री श्री @pushkardhami जी के नेतृत्व, कार्यशैली और विज़न से हर बार प्रेरणा मिलती है। उनकी कई नीतियाँ जनकल्याण का सशक्त उदाहरण हैं – जिन्हें हम दिल्ली में भी अपनाने की दिशा में कार्य करेंगे और दिल्ली को संवारेंगे।
उत्तराखंड निस्संदेह पूरे देश के लिए… pic.twitter.com/dyVTgU14dX
— Rekha Gupta (@gupta_rekha) June 2, 2025
बीते दिन वात्सल्य गंगा आश्रय’ का किया था उद्घाटन-
इसके अलावा सीएम रेखा गुप्ता ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर कुछ तस्वीरें शेयर करते हुए लिखा था, ‘आज हरिद्वार की पावन धरती पर उत्तराखंड के यशस्वी मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की गौरवशाली उपस्थिति में पूज्य साध्वी ऋतंभरा द्वारा स्थापित ‘वात्सल्य गंगा आश्रय’ का उद्घाटन करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ। सेवा, करुणा और सामाजिक जिम्मेदारी के महान मूल्यों को मूर्त रूप देने वाला यह आश्रय जरूरतमंदों के लिए सुरक्षा, सम्मान और करुणा का प्रतीक बनेगा, जिन्हें समाज के सबसे संवेदनशील समर्थन की जरूरत है।’
अवधेशानंद गिरि महाराज से आशीर्वाद किया प्राप्त-
उन्होंने कहा था, ‘यह पहल हम सभी को अपनी सामाजिक जिम्मेदारियों को और भी अधिक गहराई, गंभीरता और समर्पण के साथ पूरा करने के लिए प्रेरित करती है। इस पावन अवसर पर हरिहर आश्रम में परम पूज्य आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी अवधेशानंद गिरि महाराज से मिलना और उनका सानिध्य और आशीर्वाद प्राप्त करना एक दिव्य और आध्यात्मिक अनुभव था। उनका आशीर्वाद जनसेवा की मेरी यात्रा को नई ऊर्जा और आध्यात्मिक दिशा देता है। आज का अनुभव हमें सिखाता है कि सच्ची सेवा वह है जहाँ जरूरतमंदों के चेहरे पर मुस्कान लौट आए और समाज के प्रति हमारा संकल्प और भी मजबूत हो जाए।

