
कैथल : एंटी नारकोटिक सैल द्वारा अलग अलग 2 मामलों में नशीली टेबलेट का धंधा करने वाले दो आरोपियों को काबू किया गया। उनके कब्जे से 1575 प्रतिबंधित नशीली गोलियां बरामद हुई। डीएसपी गुरविंद्र सिंह ने बताया कि एंटी नारकोटिक सैल प्रभारी एसआई प्रदीप कुमार की अगुवाई में एएसआई रोहताश सिंह की टीम सांयकालीन गश्त के दौरान गांव लदाना चक्कू ड्रेन पर मौजूद थी। वहां पर पुलिस को जानकारी मिली कि गांव लदाना चक्कू निवासी दलविंद्र सिंह अपने घर के आस पास ग्राहकों को प्रतिबंधित नशीली दवाइयां बेचने का धंधा करता है। इस पर पुलिस ने रेडिंग पार्टी का गठन करके दलविंद्र सिंह के मकान पर दबिश देकर उसको एक पॉलिथीन सहित काबू कर लिया।

मौके पर पहुंचे कैथल डीएसपी गुहला रमेश गुलिया के समक्ष जब उसकी तलाशी ली गई तो उसके कब्जे से अल्प्राजोलम के 65 पत्तों से 795 गोलियां बरामद हुई। पूछताछ में आरोपी टैबलेट रखने के संबंध में कोई दस्तावेज पुलिस को नहीं दिखा सका। ड्रग कंट्रोल ऑफिसर द्वारा ये टैब्लेट प्रतिबंधित बताई गई। इस बारे थाना गुहला में मामला दर्ज करके एएसआई राजेश कुमार ने उसको गिरफ्तार कर लिया। दूसरे मामले में एंटी नारकोटिक सैल के एएसआई जसमेर सिंह की टीम को गश्त के दौरान एक सूचना मिली कि गांव पिलनी निवासी विनोद कुमार की बलराज नगर कैथल में मेडिकल स्टोर की दुकान है जिसकी आड़ में वह प्रतिबंधित नशीली दवाइयों बेचने का काम करता है।
वह नशीली दवाइयों की सप्लाई करने के लिए बलराज नगर से प्यौदा रोड चुंगी की तरफ आने वाला है। पुलिस टीम द्वारा तुरंत बलराज नगर से प्योदा चुंगी रोड़ पर नाकाबंदी की गई। करीब 15 मिनट बाद एक बाईक आते दिखाई दी। पुलिस द्वारा रुकने का इशारा करने पर उसने वापस मुडक़र भागने का प्रयास किया, लेकिन पुलिस टीम ने उसे काबू कर लिया। उसकी पहचान विनोद कुमार निवासी पिलनी के रूप में हुई। नायब तहसीलदार कैथल के समक्ष के ली गई तलाशी में उसके कब्जे से 78 पत्तों अल्प्राजोलम नामक 780 गोलियां बरामद हुई। पूछताछ में आरोपी टैबलेट रखने के संबंध में कोई दस्तावेज पुलिस को नहीं दिखा सका। ड्रग कंट्रोल ऑफिसर द्वारा ये टैब्लेट प्रतिबंधित बताई गई। इस बारे आरोपी के खिलाफ थाना सिविल लाईन में मामला दर्ज करके उसको गिरफ्तार कर लिया गया।