हिसार। मोबाइल या ऑनलाइन निवेश प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल करने वालों को अब और सतर्क रहने की जरूरत है। लालच या जरा सी लापरवाही आपको जीवनभर की कमाई से हाथ धोने पर मजबूर कर सकती है। हिसार पुलिस की साइबर सेल में हर दिन ऑनलाइन ठगी के मामले सामने आ रहे हैं। ताजा मामला एक रिटायर्ड बैंक मैनेजर से 96.61 लाख रुपये की साइबर ठगी का है।
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सिरसा रोड स्थित हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी निवासी पीड़ित ने बताया कि वह पंजाब नेशनल बैंक, पंचकूला से मैनेजर पद से सेवानिवृत्त हैं। 27 जून को उनके पास एक व्हाट्सएप कॉल आई, जिसमें खुद को प्रीमियर इनवेस्टमेंट फंड लिमिटेड की निकिता शर्मा बताने वाली महिला ने संपर्क किया। उसने शेयर मार्केट में निवेश पर अच्छा मुनाफा देने का लालच दिया और खुद को सेबी से पंजीकृत एफपीआई कंपनी का कर्मचारी बताया।
करीब एक माह तक व्हाट्सएप पर बातचीत के बाद पीड़ित ने सेवानिवृत्ति की रकम निवेश करने का निर्णय लिया। निकिता ने उन्हें एक व्हाट्सएप ग्रुप में जोड़ा, जिसके एडमिन रोहित कुमार, राजा कुमार और नितिका थे। ये लोग रोज़ निवेश के फायदे बताते और लिंक के माध्यम से ट्रेडिंग खाता खुलवाने की प्रक्रिया पूरी करवाते रहे। पीड़ित ने पहले तीन लाख, फिर दस लाख रुपये ट्रांसफर किए, लेकिन धीरे-धीरे ठगों ने और रकम मांगी और कुल मिलाकर 96.61 लाख रुपये ले लिए।
7 अक्तूबर को जब पीड़ित मुंबई में बताए गए कंपनी के पते पर पहुंचे तो वहां कोई कार्यालय नहीं मिला। इसके बाद उन्हें ठगी का पता चला। जांच अधिकारी नरेंद्र कुमार ने बताया कि पीड़ित की शिकायत पर अज्ञात आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।

