
हरियाणा में पिछले 49 दिन से हड़ताल कर रही अपनी मांगों को लेकर आशा वर्करों ने आंदोलन तेज करते हुए आज हरियाणा के सभी जिला मिनी सचिवालय का घेराव कर जेल भरो आंदोलन के तहत गिरफ्तारी दी अपनी मांगों को पूरा करने के लिए आशा वर्कों ने कहा कि अगर जल्द उनकी वेतनमान में वृद्धि सहित अन्य मांगों को पूरा नहीं किया गया तो आशा वर्कर कड़े फैसले लेने पर मजबूर होगी जिसकी सरकार जिम्मेवार होगी।
आशा वर्कर्स ने आज जमकर रोष जाहिर करते हुए विरोध प्रदर्शन किया इस दौरान भारी पुलिस बल भी मौके पता नाथ रहा आशा वर्कों ने ताली बजाकर जिला प्रशासन को चेतावनी देते हुए कहा कि जल्द उनकी मांगों को पूरा किया जाए जिले भर की आशा वर्कर्स ने गुरुग्राम मिनी सचिवालय का घेराव कर प्रदर्शन जारी रखा करीबन 1500 से ज्यादा की तादाद में आशा वर्क प्रदर्शन का हिस्सा बनी आशा वर्कर्स ने इस दौरान गिरफ्तारियां भी दी।
आशा वर्कर्स ने कहा कि वह लंबे समय से अपनी मांगों को लेकर धरने पर बैठी है सरकार हमेशा महिलाओं के हित की बात करती है पर इस बार क्यों चुप बैठी है उनकी लंबित मांग सरकारी कर्मचारी का दर्जा 26 हजार रुपए न्यूनतम वेतन -इंसेंटिव में 50 प्रतिशत कटौती को बहाल करना-ईपीएफ एवं ईएसआइ की सुविधा -सेवानिवृत्ति उम्र 60 वर्ष, रिटायरमेंट पर सम्मानजनक पेंशन व ग्रेच्युटी की सभी मांगे अभी तक सरकार ने नहीं मानी है और लगातार आशा वर्कर का प्रदर्शन जारी है
आशा वर्कों का प्रदर्शन जारी है आशा वर्कों ने कहा जल्द उनकी मांगों को पूरा करें पिछले 49 दिन से आशा वर्कर का धरना लघु सचिवालय पर चल रहा है आशा वर्कर से सरकार विभिन्न योजनाओं पर काम तो ले रही है लेकिन उनके बदले उन्हें उचित वेतन नहीं दिया जा रहा इसके अलावा भी आशा वर्कर्स की सुरक्षा और अन्य कई मांगी है
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