कुरुक्षेत्र : भीषण और जानलेवा गर्मी के बीच भी कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय प्रशासन द्वारा परीक्षाओं के समय में कोई बदलाव न किए जाने से विद्यार्थियों और अभिभावकों में भारी रोष व्याप्त है। पोस्ट ग्रेजुएट प्राइवेट तथा दूरवर्ती शिक्षा विभाग की एमए फाइनल परीक्षाएं 1 जून से 18 जून तक दोपहर 2 बजे से शाम 5 बजे तक निर्धारित की गई हैं। विद्यार्थियों का कहना है कि जहां हरियाणा सरकार सहित पंजाब, चंडीगढ़ और हिमाचल प्रदेश में गर्मी को देखते हुए स्कूलों और शिक्षण संस्थानों के समय में बदलाव किया गया है, वहीं कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय प्रशासन अब भी कुंभकरणी नींद में सोया हुआ प्रतीत हो रहा है।
छात्राओं और उनके अभिभावकों ने सुरक्षा को लेकर भी चिंता जताई है। आरोप है कि कई परीक्षा केंद्र विश्वविद्यालय परिसर से दूर ग्रामीण क्षेत्रों में बनाए गए हैं, जहां तपती गर्मी में पहुंचना छात्राओं के लिए कठिन और जोखिम भरा साबित हो सकता है। गौरतलब है कि जिला प्रशासन द्वारा भी नागरिकों को दोपहर के समय घरों में रहने की सलाह दी गई है। इसके बावजूद विश्वविद्यालय प्रशासन ने न तो परीक्षाओं की तिथि आगे बढ़ाई और न ही परीक्षा समय को मॉर्निंग शिफ्ट में परिवर्तित किया।
विद्यार्थियों और अभिभावकों ने हरियाणा के राज्यपाल, मुख्यमंत्री, शिक्षा मंत्री और उपायुक्त से हस्तक्षेप की मांग की है। उनका कहना है कि विद्यार्थियों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए परीक्षाएं कम से कम 15 दिन आगे बढ़ाई जाएं अथवा सुबह 7 बजे से 11 बजे तक आयोजित की जाएं। छात्र संगठनों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द निर्णय नहीं लिया गया तो आंदोलन का रास्ता अपनाया जाएगा।

