शिमला। हिमाचल प्रदेश विधानसभा का शीतकालीन सत्र 16 नवंबर से धर्मशाला में शुरू होगा। सत्र को लेकर अधिसूचना जारी कर दी गई है। इस बार पर्यटन सीजन को ध्यान में रखते हुए शीतकालीन सत्र का आयोजन नवंबर माह में किया जा रहा है। सत्र के ऐलान के साथ ही प्रदेश की सियासत भी गरमाने लगी है। विभिन्न मुद्दों को लेकर इस बार विधानसभा का शीतकालीन सत्र हंगामेदार रहने के पूरे आसार हैं।
शीतकालीन सत्र के दौरान जहां विपक्ष सरकार को विभिन्न मुद्दों पर घेरने की तैयारी में है, वहीं कर्मचारी, शिक्षक और पेंशनर संगठन भी अपनी मांगों को लेकर सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल सकते हैं। कई कर्मचारी एवं शिक्षक संगठन पहले ही विधानसभा सत्र के दौरान धर्मशाला में घेराव और प्रदर्शन करने का ऐलान कर चुके हैं। पेंशनर संगठनों ने भी अपनी मांगों को लेकर सत्र के घेराव की घोषणा की है। ऐसे में सत्र के दौरान तपोवन विधानसभा परिसर के बाहर भी विरोध-प्रदर्शनों का माहौल देखने को मिल सकता है।

वहीं, विपक्षी दल भाजपा भी बेरोजगारी, कानून-व्यवस्था और कांग्रेस सरकार की चुनावी गारंटियों को लेकर सरकार पर हमलावर रहने की तैयारी में है। विपक्ष इन मुद्दों को सदन में उठाकर सरकार से जवाब मांग सकता है। इसके अलावा प्रदेश में विभिन्न वर्गों से जुड़े मुद्दे भी सत्र के दौरान चर्चा का केंद्र बन सकते हैं।
एक ओर सरकार के सामने सदन की कार्यवाही सुचारू रूप से चलाने की चुनौती होगी, तो दूसरी ओर विपक्ष के सवालों और विभिन्न संगठनों के विरोध-प्रदर्शनों से राजनीतिक माहौल गरमाने की संभावना है। अब सभी की नजरें 16 नवंबर से शुरू होने वाले इस सत्र पर टिकी हैं।
📍 Location: शिमला (शिमला)