हिमाचल डेस्कः प्रदेश के कुल्लू जिले के एक सरकारी स्कूल में अनुबंध आधारित इतिहास प्रवक्ता विपिन कुमार को नौकरी से बर्खास्त कर दिया गया है। उन पर तीन नाबालिग छात्राओं के साथ शारीरिक शोषण, घर बुलाकर घरेलू काम करवाने और जातीय भेदभाव के गंभीर आरोप हैं।
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उप निदेशक की रिपोर्ट पर कार्रवाई
उप निदेशक (उच्च शिक्षा), कुल्लू की जांच रिपोर्ट के आधार पर स्कूल शिक्षा विभाग के निदेशक आशीष कोहली ने यह सख्त कदम उठाया। रिपोर्ट के अनुसार, 19 फरवरी 2026 को विपिन ने स्कूल समय के दौरान तीन नाबालिग छात्राओं को अपने निजी आवास पर घरेलू काम के लिए बुलाया। इस दौरान एक छात्रा के साथ छेड़छाड़ की गई और उसे धमकाकर चुप रहने को कहा गया।
छात्रा ने थाने में दर्ज कराई शिकायत
पीड़ित छात्रा ने साहस दिखाते हुए सैंज थाने में शिकायत दर्ज करवाई। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) और पॉस्को एक्ट 2012 की धारा 10 के तहत एफआईआर दर्ज की।
जातीय भेदभाव का भी खुलासा
स्कूल शिक्षा निदेशालय ने इस को लेकर विभागीय जांच बिठाई। विभागीय जांच में सामने आया कि आरोपी ने अनुसूचित जाति (एससी) की छात्रा को विशेष रूप से निशाना बनाया। इसे एससी-एसटी (अत्याचार निवारण) अधिनियम का उल्लंघन माना गया।
निदेशक का सख्त संदेश
निदेशक आशीष कोहली ने कहा कि छात्रों की सुरक्षा और गरिमा से कोई समझौता नहीं। यौन उत्पीड़न व जातीय भेदभाव के खिलाफ शून्य सहनशीलता है। आरोपी का आचरण बच्चों के लिए खतरा और शिक्षा जगत की छवि को नुकसान पहुंचाता है। भविष्य में भी ऐसी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
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