
हमीरपुर : सांसद एवं पूर्व केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से लखनऊ में शिष्टाचार भेंट कर विकास, सुशासन, निवेश, कानून व्यवस्था और जनकल्याण से जुड़े विभिन्न विषयों पर विस्तृत चर्चा की। इस अवसर पर अनुराग ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आत्मनिर्भर भारत के संकल्प को उत्तर प्रदेश सरकार ने आत्मनिर्भर उत्तर प्रदेश के रूप में प्रभावी ढंग से धरातल पर उतारा है। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश आज डबल इंजन सरकार के सफल मॉडल के रूप में उभरकर सामने आया है, जहां निर्णायक नेतृत्व, प्रभावी क्रियान्वयन और जनहितकारी नीतियों ने विकास को नई गति दी है।
सांसद ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश उत्तम प्रदेश बनने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि राज्य आज सुरक्षित, समृद्ध, निवेश-अनुकूल और आत्मनिर्भर बनने की दिशा में उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल कर रहा है। उन्होंने बताया कि वर्ष 2016-17 में उत्तर प्रदेश का सकल राज्य घरेलू उत्पाद (जीएसडीपी) 13.30 लाख करोड़ रुपए था, जो वर्ष 2024-25 में बढ़कर 30.25 लाख करोड़ रुपए हो गया है। वर्ष 2025-26 में इसके 36 लाख करोड़ रुपए तक पहुंचने का अनुमान है।
इस अवधि में राज्य की औसत वार्षिक विकास दर 10.8 प्रतिशत रही है तथा राष्ट्रीय अर्थव्यवस्था में प्रदेश की हिस्सेदारी भी बढ़ी है। उन्होंने कहा कि वर्ष 2017-18 के लगभग 3.85 लाख करोड़ रुपए के बजट की तुलना में वर्ष 2026-27 का बजट बढ़कर 9.12 लाख करोड़ रुपए हो गया है। प्रति व्यक्ति आय भी लगभग दोगुनी होकर 1.09 लाख रुपए से अधिक पहुंच चुकी है। अनुराग ने कहा कि उत्तर प्रदेश आज भयमुक्त और माफिया-मुक्त राज्य के रूप में स्थापित हुआ है। संगठित अपराध के विरुद्ध सरकार की जीरो टॉलरेंस नीति, गैंगस्टर्स एक्ट और राष्ट्रीय सुरक्षा कानून के तहत कठोर कार्रवाई, अवैध संपत्तियों की जब्ती तथा तकनीक आधारित पुलिस व्यवस्था ने कानून के राज को मजबूत किया है। उन्होंने कहा कि बेहतर कानून व्यवस्था के कारण नागरिकों, महिलाओं, व्यापारियों, उद्यमियों और निवेशकों का विश्वास बढ़ा है।
उन्होंने कहा कि सुरक्षा और बेहतर कनेक्टिविटी के कारण उत्तर प्रदेश निवेश का प्रमुख केंद्र बन गया है। यूपी ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट-2023 के बाद लगभग 10 लाख करोड़ रुपए की 14 हजार से अधिक निवेश परियोजनाओं पर कार्य शुरू हुआ है, जिनसे लगभग 33.5 लाख रोजगार सृजित होने की संभावना है। राज्य में लगभग 50 लाख करोड़ रुपए के निवेश संबंधी एमओयू भी हस्ताक्षरित किए गए हैं। सड़क अवसंरचना में पांच एक्सप्रेसवे संचालित हैं, जबकि गंगा एक्सप्रेसवे निर्माणाधीन है। राष्ट्रीय राजमार्ग नेटवर्क का भी उल्लेखनीय विस्तार हुआ है। सांसद ने कहा कि डबल इंजन सरकार ने जन आकांक्षाओं को उपलब्धियों में बदलते हुए उत्तर प्रदेश को विकास, सुशासन और आत्मनिर्भरता का सशक्त उदाहरण बना दिया है।
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