Shimla Gears Up for Grand Dussehra : शिमला। राजधानी शिमला में दशहरा उत्सव को लेकर तैयारियां पूरी हो गई हैं। ऐतिहासिक जाखू मंदिर में रावण, कुंभकरण और मेघनाद के पुतलों का दहन उत्सव का मुख्य आकर्षण रहेगा। पुतले तैयार करने के लिए मेरठ से आए 20 कारीगरों ने करीब 20 दिन तक मेहनत की है।
मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू रिमोट से पुतलों का दहन करेंगे। इस दौरान विशेष आतिशबाजी और तकनीकी प्रभाव लोगों को आकर्षित करेंगे। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए एचआरटीसी ने रिज और नवबहार से 11 अतिरिक्त टैक्सियों की व्यवस्था की है। मंदिर में देवनृत्य, रामलीला की झांकियों और भंडारे का भी आयोजन होगा। इस बार जाखू में 40 फीट ऊंचा रावण जलाया जाएगा। स्वच्छ भारत अभियान के संदेश को ध्यान में रखते हुए पुतले की ऊंचाई कम रखी गई है। इससे पहले जाखू में 55 फीट से अधिक ऊंचे रावण का दहन होता रहा है। रावण दहन के दौरान इस बार भी विशेष आतिशबाजी और तकनीकी प्रभाव देखने को मिलेंगे। रावण के सिर से आग निकलने, आंखों से आंसू बहने और फटे सिर से आतिशबाजी होने का नजारा लोगों के आकर्षण का केंद्र रहेगा। पुतले के पीछे से पानी का फव्वारा भी निकलेगा।
रावण को युद्ध की पोशाक में तैयार किया गया है। कुंभकरण और मेघनाद के पुतलों की ऊंचाई 35-35 फीट रखी गई है। नाभा से जाखू तक निकलेगी रामलीला की झांकी रावण दहन से पहले नाभा से रामलीला की झांकियां निकाली जाएंगी, जो जाखू मंदिर तक पहुंचेंगी। मंदिर में दिनभर देवनृत्य का आयोजन होगा। वहीं, सुबह नौ बजे से शाम छह बजे तक श्रद्धालुओं के लिए भंडारे की व्यवस्था रहेगी। जिला प्रशासन ने उत्सव के दौरान लोगों की आवाजाही और आयोजन को सुचारू रखने के लिए तैयारियां की हैं। शिमला के नाभा, संकट मोचन, बालूगंज, न्यू शिमला और समरहिल मैदान में भी दशहरा उत्सव मनाया जाएगा। श्रद्धालुओं के लिए चलाई जा रही हैं 11 अतिरिक्त टैक्सियां दशहरे पर जाखू मंदिर पहुंचने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए हिमाचल पथ परिवहन निगम (एचआरटीसी) ने आज 11 अतिरिक्त टैक्सियां चलाने के आदेश जारी किए हैं। इनमें सात टैक्सियां रिज और चार नवबहार से उपलब्ध होंगी।
इससे मंदिर पहुंचने और लौटने वाले लोगों को सुविधा मिलेगी। दशहरे के अवसर पर जाखू मंदिर में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं और पर्यटकों के पहुंचने की संभावना है। 20 दिन 20 कारीगरो कि मेहनत और बना 45 फुट ऊँचा रावण जाखु मंदिर मे जो रावण, मेघनाद और कुम्भ करण के पुतले बनाए जा रहे है उनको बनाने मे यूपी के मेरठ से आए 20 लोंगो कि 20 दिन कि मेहनत छिपी है पुतला बनाने वाले मोहमद अजीम ने बताया कि वह 20 दिन से पुतला बनाने मे लगे हुए है और यह रावण का पुतला 45 फुट का है जबकि कुम्भ करण और मेघनाद का 35 फुट का पुतला वनाया गया है यह आज रात मे पूरी तरह बन कर तैयार हो जायेगा और सुबह 7 बजे तक खड़ा कर दिया जायेगा। जाखु मंदिर के मैनेजर सुनील ने बताया कि मंदिर मे पुतला बनाया जा रहा है 20 दिन से तैयारी कि जा रही है, मंदिर मे श्रद्धांलुओं के लिए उचित ब्यवस्था रहेगी।

