शिमला। राजधानी शिमला के ऐतिहासिक जाखू स्थित श्री हनुमान मंदिर में दशहरा पर्व धूमधाम और श्रद्धा के साथ मनाया गया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने मंदिर में पूजा-अर्चना कर प्रदेश की सुख-समृद्धि और खुशहाली के लिए प्रार्थना की। इसके बाद मुख्यमंत्री ने रावण, मेघनाथ और कुंभकरण के पुतलों का दहन किया। पुतला दहन के साथ ही बुराई पर अच्छाई की जीत का संदेश दिया गया।
मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों को दशहरा पर्व की बधाई देते हुए कहा कि रावण दहन केवल एक परंपरा नहीं है, बल्कि यह अपने भीतर की बुराइयों, अहंकार और अन्याय को समाप्त करने का संकल्प लेने का अवसर भी है। उन्होंने कहा कि दशहरा हमें सत्य, नैतिकता और सदाचार के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है। यह पर्व समाज में सकारात्मक सोच को मजबूत करने और आपसी सद्भाव बनाए रखने का संदेश भी देता है।
जाखू मंदिर में आयोजित दशहरा कार्यक्रम के दौरान श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों में खासा उत्साह देखने को मिला। धार्मिक आस्था से जुड़े इस आयोजन ने पर्व की पारंपरिक महत्ता को और बढ़ाया। रावण, मेघनाथ और कुंभकरण के पुतलों का दहन बुराई के अंत और अच्छाई की विजय के प्रतीक के रूप में किया गया।
इस अवसर पर ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज मंत्री अनिरुद्ध सिंह, विधायक हरीश जनारथा और कमलेश ठाकुर, महापौर सुरेंद्र चौहान, स्थानीय पार्षद अतुल गौतम, नगर निगम के अन्य पार्षद, विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधि, उपायुक्त अनुपम कश्यप, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मेहर पंवर सहित अनेक गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।
📍 Location: शिमला (शिमला)

