Last Updated: September 20, 2026

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राहुल गांधी छोड़ें INDI गठबंधन का नेतृत्व, ममता बनर्जी को बताया लीडर, कांग्रेस के वरिष्ठ नेता के बयान से मचा हड़कंप

February 23, 2026

राहुल गांधी छोड़ें INDI गठबंधन का नेतृत्व, ममता बनर्जी को बताया लीडर, कांग्रेस के वरिष्ठ नेता के बयान से मचा हड़कंप

INDI alliance: कांग्रेस के वरिष्ठ नेता मणिशंकर अय्यर ने INDI गठबंधन के नेतृत्व को लेकर बड़ा बयान देकर सियासी हलचल तेज कर दी है। अय्यर ने सुझाव दिया है कि राहुल गांधी को गठबंधन की कमान किसी क्षेत्रीय दल के नेता को सौंप देनी चाहिए, ताकि सहयोगी दलों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित हो सके और गठबंधन को अधिक समय और ऊर्जा मिल सके।

“क्षेत्रीय नेता संभालें नेतृत्व”
अय्यर ने कहा कि गठबंधन को मजबूत बनाने के लिए नेतृत्व ऐसी शख्सियत के हाथों में होना चाहिए, जो छोटी और क्षेत्रीय पार्टियों से आती हो। उन्होंने संभावित नामों में ममता बनर्जी, एम. के. स्टालिन, अखिलेश यादव और तेजस्वी यादव का उल्लेख किया। उनका तर्क है कि इन नेताओं के पास गठबंधन को समय देने और विभिन्न दलों को साथ लेकर चलने की क्षमता है। उन्होंने यह भी कहा कि ममता बनर्जी के बिना गठबंधन की संरचना कमजोर पड़ सकती है, क्योंकि वे विपक्षी एकजुटता की प्रमुख स्तंभ मानी जाती हैं।

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नेतृत्व को लेकर उठते सवाल
अय्यर का यह बयान ऐसे समय आया है जब INDI गठबंधन में नेतृत्व की भूमिका को लेकर अंदरखाने चर्चाएं चल रही हैं। पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस की अलग रणनीति और अन्य क्षेत्रीय दलों की प्राथमिकताओं ने विपक्षी एकता की दिशा पर प्रश्नचिह्न खड़े किए हैं।

कांग्रेस में असहमति
अय्यर के बयान पर कांग्रेस के भीतर से ही विरोध के स्वर सुनाई दिए। पश्चिम बंगाल कांग्रेस के महासचिव सुमन रॉय चौधरी ने कहा कि अय्यर लंबे समय से सक्रिय राजनीति से दूर हैं और उनकी टिप्पणी पार्टी की आधिकारिक राय नहीं है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि कांग्रेस का नेतृत्व और रणनीति तय करने का अधिकार पार्टी मंचों को है, न कि व्यक्तिगत बयानों को।

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चुनावी समीकरणों पर असर?
बंगाल विधानसभा चुनाव से पहले आए इस बयान ने राजनीतिक गलियारों में नई बहस छेड़ दी है। विश्लेषकों का मानना है कि विपक्षी दलों के बीच तालमेल और नेतृत्व को लेकर स्पष्टता आने वाले चुनावों में निर्णायक भूमिका निभा सकती है।

फिलहाल कांग्रेस की ओर से आधिकारिक स्तर पर कोई बड़ा बयान नहीं आया है, लेकिन अय्यर की टिप्पणी ने यह संकेत जरूर दिया है कि विपक्षी खेमे में नेतृत्व और रणनीति को लेकर मंथन जारी है।

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