
मुंबई: महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) के प्रमुख राज ठाकरे ने कहा है कि हिंदी राष्ट्रीय भाषा नहीं है, बल्कि एक क्षेत्र की भाषा है और इसलिए इसे अन्य राज्यों पर नहीं थोपा जा सकता है।
ठाकरे ने विद्यालयों में प्रथम कक्षा से हिंदी पढ़ाने के सरकारी प्रस्ताव को वापस लेने की महायुति सरकार की घोषणा पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए सोमवार को यहां कहा, “ हिंदी राष्ट्रीय भाषा नहीं है, बल्कि एक क्षेत्र की भाषा है और इसलिए इसे अन्य राज्यों पर नहीं थोपा जा सकता।”
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