शादी या सज़ा? आधुनिक भारत में बदलते रिश्तों की कड़वी हकीकत ?

जब किसी युवती के जीवन में सपनों की रोशनी और आत्मनिर्भरता का विश्वास मौजूद हो, और वही जीवन शादी के कुछ ही महीनों बाद ससुराल की दीवारों के भीतर थम जाए, तो यह केवल एक परिवार की त्रासदी नहीं, बल्कि पूरे समाज की चेतना पर सवाल बन जाता है। नोएडा की त्विषा शर्मा की संदिग्ध … Continue reading शादी या सज़ा? आधुनिक भारत में बदलते रिश्तों की कड़वी हकीकत ?