बीकानेर : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि सेवा ही सबसे बड़ा धर्म है और नर सेवा ही नारायण की सेवा है। मोदी ने उनके जन्मदिन के अवसर शुरू की गई सेवा संकल्प यात्रा के प्रतिभागियों का आह्वान किया कि वे यात्रा के दौरान लिए गए विविधता में एकता के अनुभव को हिंदुस्तान के हर कोने में पहुंचाएं। मोदी के जन्मदिन के अवसर पर वडनगर से वाराणसी तक तथा वाराणसी से वडनगर तक साइकिल रैली निकाली जा रही है।
वडनगर से वाराणसी जा रही इस रैली के बीकानेर के वेटेनरी कॉलेज पहुंचने पर मोदी ने प्रतिभागियों से वर्चुअली संवाद किया। इस मौके पर एक कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा भी वर्चुअल तरीके से शामिल हुए। मोदी ने प्रतिभागियों से कहा कि गांव-कस्बे ज्ञान और समाधान का समृद्ध खजाना है। एक गांव का प्रयोग दूसरे गांव के काम आएगा और एक युवा का समाधान दूसरी युवा की ताकत बनेगा।
उन्होंने कहा कि भारत में यात्रा और सेवा दोनों ही सामाजिक संस्कार से जुड़े रहे हैं। एक व्यक्ति और एक पार्टी के कार्यकर्त्ता के तौर पर इन यात्राओं से बहुत कुछ सीखने को मिलता है। ये यात्राएं करुणा, विनम्रता और अनुशासन सिखाती हैं। उन्होंने कहा कि हम सभी राष्ट्र निर्माण कर रहे हैं। 2047 तक विकसित भारत के निर्माण में युवा शक्ति की बहुत बड़ी भूमिका है।