नई दिल्लीः रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने पाकिस्तान को चेतावनी देते हुए कहा कि भारत आतंकवाद को बढ़ावा देने वालों को किसी भी तरह की राहत नहीं देगा। उन्होंने कहा कि जो देश सीमा पार आतंकवाद को बढ़ावा देते हैं, उन्हें इसका परिणाम भुगतना होगा।
जब तक पाकिस्तान सीमा पार आतंकवाद को पूरी तरह बंद नहीं करता, तब तक सिंधु जल संधि (Indus Waters Treaty) को निलंबित रखा जाएगा। उनका कहना था कि पानी जैसी महत्वपूर्ण सुविधा उन लोगों तक नहीं पहुंचनी चाहिए जो मानवता के खिलाफ काम करते हैं।
राजनाथ सिंह हैदराबाद में एक बुद्धिजीवी सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। इसी दौरान उन्होंने हाल की सुरक्षा घटनाओं और सरकार की कार्रवाई का जिक्र किया।
‘ऑपरेशन सिंदूर’ का किया जिक्र
अपने भाषण में उन्होंने ‘ऑपरेशन सिंदूर’ का भी उल्लेख किया और कहा कि इसके जरिए भारत ने दुनिया को यह संदेश दिया है कि देश शांति चाहता है, लेकिन कमजोरी नहीं दिखाता।
पहलगाम हमले के बाद कड़ा कदम
पहलगाम आतंकी हमले के बाद सरकार ने सिंधु जल संधि को निलंबित करने का फैसला लिया था। यह कदम आतंकवाद के खिलाफ भारत की सख्त नीति का हिस्सा है।
‘खून और पानी साथ नहीं बह सकते’
राजनाथ सिंह ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पुराने बयान को दोहराते हुए कहा कि “खून और पानी एक साथ नहीं बह सकते।” उन्होंने कहा कि भारत शांति चाहता है, लेकिन आतंकवाद के साथ कोई समझौता नहीं करेगा।

