Rekha Gupta debate challenge: दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की ओर से कांग्रेस नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी को संसद में बहस करने की खुली चुनौती दी है। उन्होंने सोशल मीडिया के जरिए राहुल गांधी को चुनौती दी है।
रेखा गुप्ता की ओर से सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट में लिखा गया, “राहुल गांधी जी, ओपन चैलेंज। संसद में आइए। बहस करते हैं! 1975 में आपकी दादी ने इमरजेंसी लगाई। विपक्ष को जेल में डाला। प्रेस का मुँह बंद कर दिया। लोकतंत्र का गला घोंट दिया गया। 1984 में आपके पिता प्रधानमंत्री थे, जब दिल्ली में हजारों बेगुनाह सिखों का कत्लेआम हुआ था। कांग्रेस आज भी उस खून से सनी विरासत से बच नहीं पाई है।”
Rahul Gandhi Ji,
OPEN CHALLENGE. 🎤
Come to Parliament. Let’s debate!1975: Your grandmother imposed the Emergency. Opposition jailed. Press gagged. Democracy strangled.
1984: Your father was Prime Minister when thousands of innocent Sikhs were massacred in Delhi. Congress still cannot escape that bloodstained legacy.
2014 🪷
2019 🪷
2024 🪷
Three consecutive terms.The fourth is already your biggest nightmare.
Bhaagna mat!
📍 Parliament of India, New Delhi.
No visa required.
— Rekha Gupta (@gupta_rekha) November 3, 2026
चौथा टर्म सबसे बड़ा बुरा सपना
दिल्ली की CM ने एक्स पोस्ट में आगे लिखा, “2014, 2019 और 2024—लगातार तीन टर्म। चौथा टर्म तो आपका सबसे बड़ा बुरा सपना है। भागना मत! जगह भारत की संसद, नई दिल्ली। वीजा की जरूरत नहीं।”
रेखा गुप्ता की ओर से राहुल गांधी को संसद में बहस की चुनौती तब दी गई, जब उन्होंने मंगलवार की शाम को प्रधानमंत्री को डिबेट करने का चैलेंज किया था। राहुल गांधी के एक्स पोस्ट को रिपोस्ट करते हुए दिल्ली की सीएम ने संसद में उनसे बहस करने की चुनौती दे दी।
राहुल गांधी का चैलेंज
राहुल गांधी ने एक्स पर पोस्ट कर लिखा था, “24 घंटे हो गए, मोदी जी। मैंने आपको चैलेंज दिया है। आप कहते हैं कि विपक्ष देशद्रोही है। किसी भी स्टेज पर आप जगह चुनिए, डिबेट कीजिए मेरे साथ। देशद्रोही कौन है? विदेशी ताकतों का कनेक्शन किसका है? और किस प्रकार का कनेक्शन है? जल्दी से जल्दी कीजिए, डरिए मत। दोनों मिलेंगे, मीडिया होगी, देश के युवा होंगे, टेबल होगी, एक साइड आप बैठेंगे, एक साइड मैं बैठूंगा। जिसको आप जज बनाना चाहते हैं, बना दीजिए। मोहन भागवत जी को बिठा दीजिए, चलिए। और फिर डिबेट करते हैं।”
राहुल गांधी ने उठाए थे ये मुद्दे
राहुल गांधी ने आगे लिखा था, “सवाल उठेंगे फाइनेंशियल सिस्टम पर, फाइनेंशियल स्ट्रक्चर पर, यूएस डील कैसे हुई, क्यों हुई, इतनी जल्दी क्यों हुई, सिर्फ आपने क्यों की, कैबिनेट को क्यों नहीं बताया, एपस्टीन- ऐसी बहुत सारी चीजें हैं, जिन पर खुलकर डिस्कशन होगा। आ जाइए, डरिए मत। दूध का दूध, पानी का पानी कीजिए। आप एलिगेशन लगाते हैं न मेरे ऊपर, आ जाइए, सब साफ हो जाएगा।”
कांग्रेस ने एक्स पोस्ट में लिखा, “बाकी चीजों पर आपने मानहानि का केस लगा रखा है, शायद 45 मानहानि के केस मेरे ऊपर हैं। मगर इस डिबेट के मामले में, विदेशी कनेक्शन पर आप मानहानि नहीं लगा रहे हैं। लगाइए न, वहां भी डिस्कस करेंगे, खुलकर। ये सब डिस्कस करते हैं, आइए। हैप्पी दीपावली।”

