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निठारी कांड में बरी हुए सुरेंद्र कोली ने किया सुसाइड, हरिद्वार में लगाई फांसी

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नेशनल डेस्क: उत्तर प्रदेश के गौतमबुद्धनगर (नोएडा) के निठारी कांड में आरोपी रहे सुरेंद्र कोली का शव हरिद्वार में फांसी के फंदे पर लटका मिला है। घटना उत्तरी हरिद्वार के भूपतवाला इलाके में सप्त सरोवर रोड पर लालमाता मंदिर के सामने हुई।

पुलिस के अनुसार, कोली पिछले कुछ दिनों से वहां एक छोटी चाय की दुकान चला रहे थे। उसी दुकान में रस्सी के सहारे उनका शव लटका मिला। सूचना मिलते ही सप्तऋषि पुलिस चौकी की टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है।मृतक की पहचान अल्मोड़ा जिले के भिकियासैंण क्षेत्र के गांव मंगरुखाल के रहने वाले सुरेंद्र कोली के रूप में हुई है। पुलिस ने उनके परिजनों को घटना की जानकारी दे दी है और मामले की सभी पहलुओं की जांच चल रही है।

निठारी कांड और कोली की रिहाई

दिसंबर 2025 में सुरेंद्र कोली जेल से रिहा हुए थे। याद दिला दें कि 29 दिसंबर 2006 को नोएडा के निठारी इलाके में मोनिंदर सिंह पंढेर के घर के पीछे नाले से 8 बच्चों के कंकाल मिले थे। बाद में आसपास के नालों की खुदाई में और कई कंकाल बरामद हुए। इस पूरे मामले में मोनिंदर सिंह पंढेर और उनके नौकर सुरेंद्र कोली के खिलाफ कुल 19 मुकदमे दर्ज हुए थे। निचली अदालत ने सुरेंद्र कोली को 13 मामलों में फांसी की सजा सुनाई थी, जबकि पंढेर को दो मामलों में सजा मिली थी।

16 अक्टूबर 2023 को इलाहाबाद हाईकोर्ट ने सुरेंद्र कोली को 12 मामलों में बरी कर दिया। मोनिंदर सिंह पंढेर को भी दोनों मामलों में बरी कर दिया गया। इसके बाद सुप्रीम कोर्ट ने भी हाईकोर्ट के इस फैसले को सही ठहराया और दोनों को बरी रखा। इस तरह लंबे कानूनी संघर्ष के बाद बरी होने वाले सुरेंद्र कोली ने अब आत्महत्या कर ली है। पुलिस मामले की विस्तृत जांच कर रही है।

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