Twisha Sharma case: मध्य प्रदेश के ट्विशा शर्मा मौत मामले में अब सुप्रीम कोर्ट की एंट्री हो गई है। इस हाई-प्रोफाइल केस को लेकर देश की सर्वोच्च अदालत ने स्वतः संज्ञान लिया है। जानकारी के मुताबिक, चीफ जस्टिस सूर्यकांत ने मामले की गंभीरता को देखते हुए स्वतः संज्ञान लिया है और अब इस पर सोमवार, 25 मई को चीफ जस्टिस की बेंच सुनवाई करेगी।
ट्विशा शर्मा की मौत के बाद से ही मामले की जांच को लेकर लगातार सवाल उठ रहे हैं। परिवार और कई अन्य लोगों की ओर से आरोप लगाए जा रहे हैं कि न्यायपालिका के हस्तक्षेप और कथित दबावों के कारण जांच निष्पक्ष तरीके से आगे नहीं बढ़ पा रही है। यही वजह है कि यह मामला अब राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा का विषय बन गया है।
ये भी पढ़ें- व्हाइट हाउस के पास गोलीबारी, घटना के समय अंदर मौजूद थे राष्ट्रपति ट्रंप
इससे पहले शुक्रवार को ट्विशा शर्मा के परिजनों ने मामले में सीबीआई जांच के आदेश और दोबारा पोस्टमॉर्टम की अनुमति मिलने पर मध्य प्रदेश सरकार और हाईकोर्ट का आभार जताया था। हाईकोर्ट ने ट्विशा के परिवार की ओर से दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए यह अहम आदेश दिया था।
अदालत के फैसले को चुनौती
दरअसल, परिवार ने निचली अदालत के उस फैसले को चुनौती दी थी, जिसमें दूसरे पोस्टमॉर्टम की अनुमति देने से इनकार कर दिया गया था। परिवार का आरोप था कि पहले पोस्टमॉर्टम में कई तरह की अनियमितताएं और प्रक्रियागत लापरवाही हुईं, जिससे पूरे मामले की जांच की निष्पक्षता पर सवाल खड़े हो गए।
बिना देरी के जांच की अपील
ट्विशा के चचेरे भाई आशीष शर्मा ने कहा था कि परिवार लगातार न्याय की मांग कर रहा है। उन्होंने प्रशासन से अपील की थी कि सभी जरूरी कार्रवाई बिना देरी के पूरी की जाए, ताकि अंतिम संस्कार की प्रक्रिया भी संपन्न हो सके।
ये भी पढ़ें- 19 राज्यों में आंधी-तूफान और बारिश का अलर्ट जारी, दिल्ली-यूपी में करवट बदलेगा मौसम
CM का जताया आभार
वहीं, ट्विशा के चाचा लोकेश शर्मा ने सीबीआई जांच के आदेश के लिए मुख्यमंत्री मोहन यादव और मध्य प्रदेश सरकार का धन्यवाद जताया। उन्होंने कहा कि प्रभावशाली आरोपियों को सजा मिलने के बाद ही आम लोगों का कानून और न्याय व्यवस्था पर भरोसा मजबूत होगा।

