नई दिल्ली : मध्य पूर्व के देश संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) ने नया नामांकन आधारित गोल्डन वीजा प्रोग्राम शुरू किया है। इसमें विदेशी नागरिक (भारतीयों सहित) एक निश्चित फीस चुकाकर जीवन भर यूएई में रह सकते हैं। इस नए गोल्डन वीजा प्रोग्राम के आने से विदेशी नागरिकों के लिए यूएई में बसना पहले के मुकाबले काफी आसान हो जाएगा। इससे पहले 10 साल के रिन्यूएबल रेजीडैंसी वीजा के लिए यूएई में 2 मिलियन एईडी (करीब 4.7 करोड़ रुपए) का स्थानीय रियल एस्टेट में निवेश करना होता है।
फिलहाल गोल्डन वीजा प्रोग्राम को लेकर यूएई की सरकार ने कोई आधिकारिक नोटिफिकेशन जारी नहीं किया है। रिपोर्ट्स में बताया कि इस गोल्डन वीजा की फीस करीब 1,00,000 एईडी (संयुक्त अरब अमीरात दिरहम) या भारतीय रुपयों में 23.3 लाख रुपए निर्धारित की गई है। इसे हासिल करने के लिए पहले की तरह स्थानीय प्रॉपर्टी में भी कोई निवेश नहीं करना होगा। रिपोर्ट्स के अनुसार, फिलहाल इसे पायलट फेस में भारत और बंगलादेश के नागरिकों के लिए शुरू किया जाएगा।
शुरुआती तीन महीनों में 5,000 से अधिक आवेदन आने की संभावनाएं हैं। यूएई की सरकार ने गोल्डन वीजा प्रोग्राम के लिए रायद ग्रुप को चुना है। रायद ग्रुप की विशेषज्ञ टीम गोल्डन वीजा कार्यक्रम के लिए पात्रता निर्धारित करने के लिए प्रोफाइल का मूल्यांकन करेगी। इसके बाद आवेदनों को अप्रूवल के लिए यूएई सरकार के पास भेजा जाएगा। रिपोर्ट्स में बताया कि लाइफटाइम गोल्डन वीजा की खास बात यह है कि आवेदक अपने परिवार को भी दुबई ला सकता है। साथ ही घरेलू सहायता के लिए स्टाफ की नियुक्ति कर सकता है।

