Weather in Haryana-NCR to change from the 15th : अंबाला। हरियाणा एनसीआर-दिल्ली में मौसम लगातार परिवर्तनशील बना हुआ है। दक्षिण-पूर्वी हवाओं के प्रभाव से क्षेत्र में बादलों की आवाजाही के साथ कहीं-कहीं छिटपुट बारिश और बूंदाबांदी की गतिविधियां देखने को मिल रही हैं।
इसके चलते दिन और रात के तापमान में भी उतार-चढ़ाव दर्ज किया जा रहा है। मौसम विशेषज्ञ डॉ. चंद्रमोहन के अनुसार मानसून अपने अंतिम चरण में पहुंच चुका है और विदाई से पहले एक बार फिर बारिश की गतिविधियां होने की संभावना बन रही है। डॉ. चंद्रमोहन ने बताया कि दक्षिण-पूर्वी हवाओं के कारण फिलहाल हरियाणा एनसीआर-दिल्ली में बादल छाए रहने और कुछ स्थानों पर हल्की बारिश या बूंदाबांदी का दौर जारी है। मानसून की वापसी के लिए परिस्थितियां अनुकूल हो रही हैं और करीब 19 सितंबर के आसपास पश्चिमी राजस्थान के कुछ हिस्सों से दक्षिण-पश्चिम मानसून की वापसी शुरू होने की संभावना है। उन्होंने बताया कि सोमवार को दक्षिण-पूर्वी राजस्थान और उससे लगे उत्तरी गुजरात क्षेत्र के ऊपर बना निम्न दबाव का क्षेत्र अब दक्षिण-पूर्वी राजस्थान एवं उत्तरी गुजरात के आसपास स्थित है।
समुद्र तल पर मानसून ट्रफ भी इसी मौसम प्रणाली के आसपास से होकर गुजर रही है। इसके अलावा मध्य क्षोभमंडलीय पछुआ हवाओं में एक ट्रफ के रूप में पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय है। मौसम विशेषज्ञ के अनुसार सोमवार को हरियाणा के उत्तरी जिलों पंचकूला, अंबाला, यमुनानगर, पानीपत और सोनीपत के आसपास कुछ स्थानों पर हल्की बारिश व बूंदाबांदी दर्ज की गई। डॉ. चंद्रमोहन ने बताया कि उत्तरी पर्वतीय क्षेत्रों में 15 सितंबर की रात एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने की संभावना है। वहीं राजस्थान और गुजरात के ऊपर मौजूद मौसम प्रणाली के कमजोर होने के बाद मानसून ट्रफ के हरियाणा एनसीआर-दिल्ली की ओर बढ़ने की संभावना है। पश्चिमी विक्षोभ और मानसून ट्रफ के आपसी प्रभाव से 15 सितंबर की रात से 19 सितंबर तक मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है।
इस दौरान बादलों की आवाजाही के साथ तेज हवाएं चलने, गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश और बूंदाबांदी होने की संभावना है। हरियाणा के करीब 60 से 70 प्रतिशत हिस्से में बारिश की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं। बारिश के कारण पूरे हरियाणा एनसीआर-दिल्ली क्षेत्र में दिन और रात के तापमान में गिरावट आने की संभावना है। डॉ. चंद्रमोहन ने बताया कि फिलहाल अधिकांश स्थानों पर तापमान सामान्य से नीचे बना हुआ है। आगामी दिनों में बारिश और बादलों की गतिविधियों के चलते मौसम में और बदलाव देखने को मिल सकता है।

