Last Updated: October 4, 2026

Dainik Savera Times Logo

कैबिनेट मीटिंग में शिलांग-सिलचर हाईवे प्रोजेक्ट को मंजूरी, 22,864 करोड़ रुपए किए जाएंगे खर्च

April 30, 2025

कैबिनेट मीटिंग में शिलांग-सिलचर हाईवे प्रोजेक्ट को मंजूरी, 22,864 करोड़ रुपए किए जाएंगे खर्च

नेशनल डेस्क : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में आर्थिक मामलों की कैबिनेट समिति ने बुधवार को मेघालय में मावलिंग्खुंग (शिलांग के निकट) से असम में पंचग्राम (सिलचर के निकट) तक 166.80 किलोमीटर लंबे 4-लेन ग्रीनफील्ड नेशनल हाईवे के विकास, रखरखाव और प्रबंधन के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी। यह हाईवे हाइब्रिड एन्युटी मोड पर हाई-स्पीड कॉरिडोर के रूप में विकसित किया जाएगा, जिसकी कुल लागत 22,864 करोड़ रुपए होगी।

कुल 166.80 किलोमीटर के हाईवे प्रोजेक्ट्स में से 144.80 किलोमीटर का हिस्सा मेघालय में जबकि 22 किलोमीटर किलोमीटर का हिस्सा असम में होगा। सीसीईए की बैठक के बाद जारी आधिकारिक बयान के अनुसार, प्रस्तावित ग्रीनफील्ड हाई-स्पीड कॉरिडोर से गुवाहाटी से सिलचर तक जाने वाले यातायात में सुधार होगा। इस कॉरिडोर के विकास से त्रिपुरा, मिजोरम, मणिपुर और असम के बराक घाटी के मुख्य क्षेत्र और गुवाहाटी के बीच कनेक्टिविटी बढ़ेगी और यात्रा की दूरी और समय में काफी कमी आएगी। इससे देश की लॉजिस्टिक्स क्षमता को भी बढ़ाने में मदद मिलेगी।

असम और मेघालय के बीच संपर्क

बयान में आगे कहा गया, यह गलियारा मेघालय के सीमेंट और कोयला उत्पादन क्षेत्रों से होकर गुजरता है। इससे असम और मेघालय के बीच संपर्क बेहतर होगा और मेघालय में उद्योगों के विकास सहित आर्थिक विकास को बढ़ावा मिलेगा। यह गलियारा गुवाहाटी हवाई अड्डे, शिलांग हवाई अड्डे और सिलचर हवाई अड्डे से आने वाले राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय पर्यटकों को सेवा प्रदान करेगा।

साथ ही यह राजमार्ग पूवरेत्तर में पर्यटन को बढ़ावा देगा। यह महत्वपूर्ण परियोजना गुवाहाटी, शिलांग और सिलचर के बीच इंटर-सिटी संपर्क में भी सुधार करेगी, जो मेघालय में री भोई, पूर्वी खासी हिल्स, पश्चिम जयंतिया हिल्स, पूर्वी जयंतिया हिल्स और असम में कछार जिले से होकर गुजरती है।

एनएच-06 पर भीड़भाड़ होगी कम

इसके साथ ही यह मौजूदा एनएच-06 पर भीड़भाड़ को कम करेगी और पीएम गति शक्ति राष्ट्रीय मास्टर प्लान के अनुरूप परिवहन बुनियादी ढांचे के विकास को बढ़ाएगी। बयान में कहा गया कि यह परियोजना एनएच -27, एनएच -106, एनएच -206, एनएच -37 सहित प्रमुख परिवहन गलियारों के साथ एकीकृत है, जो गुवाहाटी, शिलांग, सिलचर, डिएंगपासोह, उम्मुलोंग, फ्रामर, खलीरियत, रताचेरा, उमकियांग और कलैन को निर्बाध संपर्क प्रदान करता है।

सरकार के बयान के मुताबिक, शिलांग-सिलचर कॉरिडोर क्षेत्रीय आर्थकि विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा, जिससे गुवाहाटी, शिलांग, सिलचर, इंफाल, आइजोल और अगरतला के बीच संपर्क बेहतर होगा। यह परियोजना सरकार के आत्मनिर्भर भारत के दृष्टिकोण के अनुरूप है, जो मेघालय, असम, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में रोजगार सृजन और सामाजिक-आर्थकि विकास को बढ़ावा देते हुए बुनियादी ढांचे को बढ़ाती है।

खबरें और भी हैं...

Copyright © 2025 Dainik Savera Times. All rights reserved.
ऐप खोलें