1984 Riot Victims’ Pain Over Sajjan Kumar’s Death : लुधियाना। 1984 के सिख विरोधी दंगों के पीड़ितों की अध्यक्ष गुरदीप कौर ने कांग्रेस नेता सज्जन कुमार की मौत पर कहा कि उनकी मृत्यु स्वाभाविक हुई, लेकिन पीड़ितों को वह न्याय नहीं मिला जिसकी वे वर्षों से उम्मीद करते रहे। उन्होंने कहा कि अगर कानून उन्हें मौत की सजा या उम्रकैद देता तो पीड़ितों को कुछ तसल्ली मिलती।
गुरदीप कौर ने कहा कि 1984 के दंगों में अपने परिजनों को खोने वाले लोग उन दर्दनाक घटनाओं को आज भी नहीं भूल पाए हैं और बाकी दोषियों को सजा दिलाने के लिए उनका संघर्ष जारी रहेगा।
सज्जन कुमार पर 1984 के दंगों का आरोप था। इस मामले में सज्जन कुमार लंबे समय से जेल में थे, लेकिन आज उनकी मौत के बाद पीड़ितों का गुस्सा फूट पड़ा है; उनका कहना है कि उन्हें कड़ी सज़ा मिलनी चाहिए थी। मौत तो स्वाभाविक है। उनके मन में यह मलाल रहेगा कि उन्हें सज़ा नहीं मिल सकी। गुरदीप कौर ने कहा कि वे बाकी दोषियों को कड़ी सज़ा दिलाने के लिए लड़ती रहेंगी; उन्होंने कहा कि सज्जन कुमार को तब मरना चाहिए था जब वे हमारे लोगों को बर्बाद कर रहे थे, जब हमारे भाई-बहनों का कत्लेआम हमारी आँखों के सामने हो रहा था, जब उन्होंने हमारे भाई-बहनों को ज़िंदा जला दिया था—उस समय हमने जो लाशें देखी थीं, उन्हें हम ज़िंदगी भर नहीं भूल सकते।

