अमृतसर: पंजाब में नशे के खिलाफ चल रहे अभियान के तहत अमृतसर कमिश्नरेट पुलिस ने पिछले करीब सात महीनों में सफलता हासिल की है। सीमावर्ती जिले में पुलिस ने खुफिया जानकारी आधारित कार्रवाई करते हुए नशा तस्करी, हथियारों की तस्करी और संगठित अपराध पर कड़ा प्रहार किया है।
111.5 किलो हेरोइन जब्त, 1,137 एनडीपीएस केस दर्ज
जनवरी 2026 से अब तक अमृतसर कमिश्नरेट पुलिस ने 111.559 किलोग्राम हेरोइन, 11.438 किलोग्राम आइस (मेथामफेटामाइन), 9.246 किलोग्राम अफीम, 2.245 किलोग्राम चरस, 26,945 नशीली गोलियां और कैप्सूल समेत बड़ी मात्रा में मादक पदार्थ बरामद किए हैं। इस दौरान एनडीपीएस एक्ट के तहत 1,137 मामले दर्ज किए गए और 1,898 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने नशा तस्करी से जुड़े 61.12 लाख रुपये की ड्रग मनी और 38 वाहन भी जब्त किए।
‘गैंगस्टरों पर वार’ अभियान में हथियारों का बड़ा जखीरा बरामद
‘गैंगस्टरों पर वार’ अभियान के तहत अमृतसर पुलिस ने आर्म्स एक्ट के 63 मामले दर्ज कर 153 आरोपियों को गिरफ्तार किया। कार्रवाई के दौरान 209 पिस्टल/माउजर, 2 रिवॉल्वर, 8 राइफलें, 221 मैगजीन, 536 जिंदा कारतूस और हवाला से जुड़े 3.80 लाख रुपये बरामद किए गए। पुलिस ने गैंगस्टरों के साथ-साथ उनके सहयोगियों और आपराधिक नेटवर्क से जुड़े लोगों पर भी कार्रवाई की।
AI और डिजिटल तकनीक से अपराध पर नजर
अमृतसर पुलिस ने आधुनिक तकनीक का उपयोग करते हुए अपराध नियंत्रण को और प्रभावी बनाया है। Punjab Artificial Intelligence System (PAIS) के जरिए संदिग्धों की पहचान की जा रही है, जबकि VAHAN डेटाबेस से वाहनों का तुरंत सत्यापन किया जा रहा है। इसके अलावा डिजिटल फोरेंसिक लैब, सीसीटीवी नेटवर्क और तकनीक आधारित निगरानी व्यवस्था ने जांच और अपराध नियंत्रण की क्षमता को मजबूत किया है।
दुबई आधारित अंतरराष्ट्रीय ड्रग नेटवर्क का भंडाफोड़
कमिश्नरेट पुलिस ने अंतरराष्ट्रीय सीमा के जरिए ड्रोन से हेरोइन की तस्करी करने वाले दुबई आधारित ड्रग सिंडिकेट का भी पर्दाफाश किया। इस कार्रवाई में 30.045 किलोग्राम हेरोइन बरामद की गई और दो नाबालिगों सहित छह आरोपियों को गिरफ्तार किया गया।
पिछले साल पाकिस्तान-कनाडा नेटवर्क पर भी की थी बड़ी कार्रवाई
पुलिस आयुक्त गुरप्रीत सिंह भुल्लर ने बताया कि पिछले वर्ष अमृतसर पुलिस ने पाकिस्तान और कनाडा से जुड़े अंतरराष्ट्रीय ड्रग नेटवर्क का भंडाफोड़ किया था। उस कार्रवाई में राजस्थान के बाड़मेर स्थित अंतरराष्ट्रीय सीमा क्षेत्र से 60.302 किलोग्राम हेरोइन बरामद हुई थी और नौ आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था। इस वर्ष पुलिस ने दुबई आधारित नेटवर्क पर शिकंजा कसने में सफलता हासिल की है।
नशा छोड़ने वालों के पुनर्वास पर भी विशेष फोकस
पुलिस ने सख्त कार्रवाई के साथ-साथ नशा छोड़ने वालों के पुनर्वास पर भी ध्यान दिया। अब तक 1,553 लोगों को नशा मुक्ति केंद्रों में भर्ती कराया गया, जबकि 2,443 व्यक्तियों को ओओएटी (OOAT) केंद्रों में उपचार के लिए भेजा गया। इसके अलावा 281 लोगों को एनडीपीएस एक्ट की धारा 64-ए का लाभ भी दिया गया।
जनभागीदारी और जागरूकता अभियान से बढ़ा विश्वास
नशे के खिलाफ जनजागरूकता बढ़ाने के लिए अमृतसर पुलिस ने 162 प्रोजेक्ट संपर्क बैठकों और 83 नशा विरोधी जागरूकता शिविरों एवं सेमिनारों का आयोजन किया। इन कार्यक्रमों के माध्यम से पुलिस और आम जनता के बीच बेहतर तालमेल स्थापित करने का प्रयास किया गया।
ट्रैफिक कार्रवाई भी हुई तेज
अमृतसर की सुरक्षा को मजबूत करने के लिए 86 पेट्रोलिंग वाहन, 21 मोटरसाइकिल गश्ती दल और 19 रात्रि नाके तैनात किए गए हैं। वहीं, ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन पर 82,274 चालान, 5,400 वाहनों की जब्ती और 24,002 मौके पर चालान किए गए, जिससे 44.48 लाख रुपये का जुर्माना वसूला गया। इसके अलावा कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए 1,609 निवारक कार्रवाई करते हुए 2,950 लोगों को हिरासत में लिया गया।
डीजीपी गौरव यादव ने की पुलिस की सराहना
पंजाब के डीजीपी गौरव यादव ने कहा कि राज्यभर में चलाए जा रहे विशेष अभियानों के सकारात्मक परिणाम सामने आ रहे हैं। उन्होंने कहा कि सीमावर्ती जिला होने के कारण अमृतसर में अतिरिक्त सतर्कता की आवश्यकता रहती है और पंजाब पुलिस मानव संसाधन के साथ-साथ आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की मदद से प्रभावी ढंग से अपनी जिम्मेदारियां निभा रही है।

