पंजाब डेस्क: शिरोमणि अकाली दल नेता बिक्रम सिंह मजीठिया को लेकर एक बड़ी खबर सामने आई है। अमृतसर स्थित उनके घर पर अमृतसर पुलिस द्वारा रेड की गई है। अमृतसर पुलिस की दो टीमें उनके घर रेड करने पहुंची हैं।
बता दें एक अकाली कार्यकर्ता को पुलिस ने हिरासत में लिया था, जिसे थाने की बजाय SHO के सरकारी क्वार्टर में रखने के आरोप को लेकर विवाद हो गया था। बिक्रम सिंह मजीठिया अपने समर्थकों के साथ थाने पहुंचे थे और पुलिस के खिलाफ नारेबाजी करते हुए धरना दिया था।
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जानकारी के मुताबिक, पुलिस ने विवार सुबह अकाली कार्यकर्ता जोबनप्रीत सिंह को एक चेन स्नेचिंग मामले में हिरासत में लिया था, जिसे लेकर अकाली दल ने आरोप लगाया कि जोबनप्रीत को थाने की बजाय SHO नरेश कुमार के सरकारी क्वार्टर में रखा गया और बाहर एक पुलिसकर्मी तैनात किया गया।
मजीठिया ने दावा किया कि थाने में उन्हें कार्यकर्ता जोबनप्रीत नहीं मिला तो उन्होंने पुलिसकर्मियों से पूछताछ की, जिसके बाद SHO नरेश कुमार से उनकी काफी बहस हुई। फिर वह समर्थकों के साथ SHO के सरकारी क्वार्टर पहुंचे और जोबनप्रीत सिंह को बाहर निकाला। मजीठिया ने आरोप लगाया कि पुलिस राजनीतिक दबाव में काम कर रही है और ASI जोगा सिंह हत्याकांड में एक बेगुनाह युवक को फंसाने और उसका फर्जी एनकाउंटर करने की कोशिश कर रही है।
वहीं पुलिस ने मजीठिया के इन सभी आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि जोबनप्रीत सिंह को ASI हत्याकांड में नहीं बल्कि नगर निकाय चुनाव के दिन हुई हाथापाई और चेन स्नेचिंग से जुड़े केस में हिरासत में लिया गया था। फर्जी एनकाउंटर के आरोप भी झूठे हैं।
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वहीं पुलिस ने इन आरोपों को खारिज किया है। पुलिस का कहना है कि जोबनप्रीत सिंह को एएसआई हत्याकांड में नहीं बल्कि नगर निकाय चुनाव के दिन हुई हाथापाई और चेन स्नेचिंग से जुड़े मामले में पूछताछ तथा कानूनी कार्रवाई के लिए हिरासत में लिया गया था। फर्जी एनकाउंटर के आरोप भी निराधार बताए गए हैं।
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