पंजाब डेस्क: शिरोमणि अकाली दल (SAD) के वरिष्ठ नेता बिक्रम सिंह मजीठिया आज जालंधर का दौरा करेंगे। बता दें कि उनके आगमन का कार्यक्रम दोपहर लगभग 2:00 बजे पीएपी चौक पर रखा गया है, जहां पार्टी के स्थानीय नेताओं और कार्यकर्ताओं द्वारा उनका जोरदार स्वागत किया जाएगा।
जानकारी के अनुसार, मजीठिया इस दौरान करीब आधे घंटे रुकेंगे और पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ मिलकर भविष्य की रणनीति पर बातचीत करेंगे। यह दौरा अकाली दल में मजीठिया की सियासी वापसी के रूप में देखा जा रहा है।
3 फरवरी को वह नाभा जेल से हुए रिहा
बिक्रम सिंह मजीठिया को 2025 में आय से अधिक संपत्ति मामले में पंजाब विजिलेंस ने गिरफ्तार किया था। लंबी कानूनी प्रक्रिया के बाद, सुप्रीम कोर्ट ने 2 फरवरी को उन्हें नियमित जमानत दी, जिसके अगले दिन 3 फरवरी को वह नाभा जेल से रिहा हुए। उनके करीबी सहयोगी हरप्रीत गुलाटी को भी मोहाली अदालत से जमानत मिल चुकी है।
जेल से रिहाई के बाद मजीठिया ने स्पष्ट किया कि उनका मुख्य उद्देश्य शिरोमणि अकाली दल को फिर से एकजुट करना है। उन्होंने कहा, “पंजाब के हित के लिए मुझे दूसरे गुटों के नेताओं के पास नंगे पांव भी जाना पड़े तो पीछे नहीं हटूंगा।” उन्होंने यह भी बताया कि जेल में सुखबीर सिंह बादल से हुई बातचीत में पार्टी की एकजुटता को मजबूत करने के निर्देश मिले।
राजनीतिक प्रतिक्रिया और उम्मीदें
मजीठिया के इस एकता अभियान पर सत्ताधारी आम आदमी पार्टी ने तंज कसा है। सांसद गुरमीत सिंह मीत हेयर ने कहा कि दूसरों को जोड़ने से पहले पार्टी के भीतर व्यवस्था बनाए रखना ज़रूरी है।
VD: भाजपा विधायक विक्रम रंधावा का बड़ा बयान: NC पर दिहाड़ी मजदूरों की अनदेखी का आरोप
हालांकि, अकाली दल कार्यकर्ताओं के लिए मजीठिया की वापसी नई ऊर्जा का स्रोत बन रही है। हाल ही में हुए तरनतारन उपचुनाव में पार्टी को जीत नहीं मिली, लेकिन वोट प्रतिशत में सुधार ने कार्यकर्ताओं का उत्साह बढ़ाया है। मजीठिया का यह जालंधर दौरा आगामी चुनावों और पार्टी की सांगठनिक मजबूती के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

