खन्ना: पंजाब कांग्रेस में अंदरूनी गुटबाजी एक बार फिर चर्चा में है। 15 अगस्त को खन्ना पुलिस जिले के अंतर्गत आने वाले इसरू गांव में महान शहीदों करनैल सिंह और भूपिंदर सिंह की याद में कांग्रेस की ओर से राजनीतिक सम्मेलन आयोजित किया जा रहा है। सम्मेलन से पहले लगाए गए फ्लेक्स बोर्ड को लेकर पार्टी के भीतर मतभेद सामने आए हैं।
तीन विधानसभा क्षेत्रों के प्रभारियों ने लगाए चन्नी के फ्लेक्स
जानकारी के मुताबिक, खन्ना से पूर्व मंत्री गुरकीरत सिंह कोटली, पायल से पूर्व विधायक लखवीर सिंह लाखा और समराला से पार्टी प्रभारी रूपिंदर सिंह राजा गिल की ओर से लगाए गए फ्लेक्स में पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी की तस्वीरों को प्रमुखता दी गई है।
बताया जा रहा है कि ये तीनों नेता चन्नी की ओर से आयोजित बैठकों और राजनीतिक कार्यक्रमों में सक्रिय रूप से हिस्सा लेते रहे हैं। उनके समर्थकों की ओर से चन्नी को आगामी विधानसभा चुनाव में मुख्यमंत्री पद का चेहरा बनाए जाने की मांग भी उठती रही है।
राजा वडिंग और चन्नी खेमे के बीच मतभेद चर्चा में
पार्टी के भीतर लंबे समय से प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वडिंग और पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी के समर्थकों के बीच राजनीतिक मतभेदों की चर्चा होती रही है। इसरू सम्मेलन से पहले चन्नी की तस्वीरों वाले फ्लेक्स सामने आने को इसी खींचतान से जोड़कर देखा जा रहा है।
सम्मेलन में चन्नी के साथ राजा वारिंग के भी शामिल होने की बात कही जा रही है। ऐसे में दोनों नेताओं की मौजूदगी के बीच स्थानीय स्तर पर सामने आए अलग-अलग राजनीतिक संकेतों ने पंजाब कांग्रेस की अंदरूनी स्थिति को फिर सुर्खियों में ला दिया है।
📍 Location: लुधियाना (लुधियाना)

