अमृतसर: पंजाब में नशे और अवैध हथियारों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत अमृतसर कमिश्नरेट पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने अलग-अलग कार्रवाई करते हुए पांच लोगों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से कुल 13 पिस्तौल, 22 जिंदा कारतूस और 3.267 किलोग्राम हेरोइन बरामद की गई है। पुलिस ने इन कार्रवाइयों के जरिए नशे और हथियारों की सप्लाई से जुड़े तीन नेटवर्क का पता लगाने का दावा किया है।
पंजाब के पुलिस महानिदेशक गौरव यादव ने बताया कि मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के निर्देशों पर राज्य को नशा और अपराध मुक्त बनाने के लिए पुलिस लगातार कार्रवाई कर रही है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि पकड़े गए आरोपी इलाके में अवैध हथियारों और नशीले पदार्थों की सप्लाई से जुड़े हुए थे।
पुलिस के मुताबिक गिरफ्तार आरोपियों की पहचान क्रिश गोल्ड (20), कुणाल मेहता उर्फ कन्नू (21), रॉबिन (21), जसकरण सिंह उर्फ जस (36) और जोबनप्रीत सिंह उर्फ जोबन (22) के तौर पर हुई है। इनमें क्रिश गोल्ड और कुणाल मेहता अमृतसर के रहने वाले हैं, जबकि रॉबिन भी अमृतसर निवासी है। जसकरण सिंह अमृतसर के भूटानपुरा और जोबनप्रीत सिंह तरनतारन के नौशहरा ढल्ला गांव का रहने वाला बताया गया है। पुलिस ने बताया कि जसकरण सिंह के खिलाफ पहले से ही एनडीपीएस एक्ट और आर्म्स एक्ट के तहत पांच आपराधिक मामले दर्ज हैं।
पहली कार्रवाई में तीन आरोपी गिरफ्तार
पुलिस कमिश्नर अमृतसर हरमनबीर सिंह गिल के अनुसार, पहले मामले में पुलिस ने क्रिश गोल्ड और कुणाल मेहता को दो .30 बोर पिस्तौल के साथ पकड़ा। पूछताछ के दौरान मिली जानकारी के आधार पर पुलिस ने तीन अन्य पिस्तौल, 14 जिंदा कारतूस और 1.227 किलोग्राम हेरोइन बरामद की। जांच आगे बढ़ने पर पुलिस ने उनके एक अन्य साथी रॉबिन को सिविल लाइंस इलाके से गिरफ्तार किया।
कार से 2.040 किलो हेरोइन बरामद
दूसरी कार्रवाई के दौरान पुलिस टीम ने एक कार को रोककर तलाशी ली। कार में सवार जसकरण सिंह उर्फ जस को पुलिस ने पकड़ लिया। उसके पास से 2.040 किलोग्राम हेरोइन बरामद होने की बात पुलिस ने कही है। पुलिस ने तस्करी में इस्तेमाल की जा रही कार को भी अपने कब्जे में ले लिया है।
आठ पिस्तौल के साथ एक आरोपी काबू
तीसरी कार्रवाई में पुलिस को मिली सूचना के आधार पर जोबनप्रीत सिंह उर्फ जोबन को गिरफ्तार किया गया। पुलिस के अनुसार उसके कब्जे से आठ पीएक्स-3 पिस्तौल और आठ जिंदा कारतूस बरामद हुए। पुलिस के मुताबिक तीनों कार्रवाइयों में बरामद हथियारों में आठ .30 बोर पीएक्स-3 पिस्तौल, तीन .30 बोर पिस्तौल, एक 9 एमएम ग्लॉक और एक अन्य 9 एमएम पिस्तौल शामिल हैं।
विदेशी हैंडलरों से कनेक्शन की जांच
डीजीपी गौरव यादव ने कहा कि मामले की जांच अभी जारी है। पुलिस गिरफ्तार आरोपियों के नेटवर्क के आगे और पीछे जुड़े लोगों की पहचान करने में जुटी है। इसके साथ ही विदेश में बैठे संभावित हैंडलरों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।पुलिस ने इन मामलों में तीन अलग-अलग एफआईआर दर्ज की हैं। पहली एफआईआर 25 सितंबर 2026 को आर्म्स एक्ट और एनडीपीएस एक्ट की संबंधित धाराओं के तहत दर्ज हुई। दूसरी एफआईआर 28 सितंबर को थाना डी-डिवीजन में एनडीपीएस एक्ट के तहत और तीसरी एफआईआर 29 सितंबर को थाना छेहरटा में आर्म्स एक्ट के तहत दर्ज की गई है। पुलिस का कहना है कि पूछताछ और आगे की जांच के दौरान इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों तथा हथियार और नशे की सप्लाई के स्रोतों के बारे में और जानकारी सामने आने की उम्मीद है।

