Last Updated: October 3, 2026

Dainik Savera Times Logo

विजिलेंस के सामने पूर्व डिप्टी डायरेक्टर निरंजन का बड़ा खुलासा: बोले- मजीठिया ने ड्रग माफिया को बचाया, उसे राजनीतिक संरक्षण दिया

June 29, 2025

विजिलेंस के सामने पूर्व डिप्टी डायरेक्टर निरंजन का बड़ा खुलासा: बोले- मजीठिया ने ड्रग माफिया को बचाया, उसे राजनीतिक संरक्षण दिया

चंडीगढ़ Vigilance: विजीलैंस ब्यूरो की चल रही जांच में चौंकाने वाले खुलासे सामने आए हैं, जिसमें पंजाब के ड्रग कारोबार में शिरोमणि अकाली दल (एसएडी) के नेता बिक्रम सिंह मजीठिया की गहरी संलिप्तता का पता चला है। ईडी के पूर्व डिप्टी डायरैक्टर निरंजन सिंह ने ड्रग माफिया को मदद पहुंचाने में मजीठिया की सीधी संलिप्तता का दावा किया है।

निरंजन सिंह के बयान से ड्रग्स के कारोबार में मजीठिया की अहम भूमिका का पता चलता है, जो अपने राजनीतिक प्रभाव का इस्तेमाल ड्रग तस्करों को बचाने और उनका समर्थन करने के लिए करते थे। सिंह के अनुसार, मजीठिया ने व्यक्तिगत रूप से जगजीत सिंह चहल और बिट्ट औलख सहित कई ड्रग माफियाओं के बीच विवादों में मध्यस्थता की, जो कनाडा तक फैले ड्रग नैटवर्क का संचालन करते थे। खुलासे के अनुसार, ड्रग व्यापारी चहल और औलख के अंतर्राष्ट्रीय ग्राहक थे और वे राजनीतिक संरक्षण के तहत काम करते थे। मजीठिया के सतप्रीत सिंह सत्ता के साथ भी घनिष्ठ संबंध थे और उसे सुरक्षा भी प्रदान की।

हाईकोर्ट और एसटीएफ के साथ ड्रग व मनी लॉन्ड्रिंग गठजोड़ पर विस्तृत रिपोर्ट दाखिल की गई थी

मजीठिया ने ड्रग तस्करों के बीच जिन विवादों को सुलझाया, उसके बदले में उन्हें बड़ी वित्तीय रिश्वत मिली। निरंजन सिंह ने कहा कि पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट और एसटीएफ के साथ ड्रग व मनी लॉन्ड्रिंग गठजोड़ पर विस्तृत रिपोर्ट दाखिल करने के बावजूद, तत्कालीन अकाली-भाजपा सरकार द्वारा राजनीतिक हस्तक्षेप के कारण कार्रवाई रुक गई थी। सिंह ने कहा कि एसटीएफ ने मेरी जांच के आधार पर कार्रवाई की सिफारिश की, फिर भी पिछली सरकारों ने आंखें मूंद ली और शक्तिशाली लोगों की रक्षा की जबकि पंजाब के युवा नशे से पीड़ित रहे।

निरंजन सिंह ने खुलासा किया कि ड्रग व्यापार की जांच करने के उनके प्रयासों को सिस्टम के भीतर से ही प्रतिरोध का सामना करना पड़ा। उन्होंने कहा कि सच्चाई का पीछा करने के लिए मुङो लगातार उत्पीड़न का सामना करना पड़ा, जिसके कारण मुङो 2018 में अपने पद से इस्तीफा देना पड़ा, जिसे बाद में उच्च न्यायालय ने स्वीकार करने से इनकार कर दिया था। उन्होंने वरिष्ठ अधिकारियों पर मुख्य दोषियों को बचाने के लिए जांच में अनुचित हस्तक्षेप करने का भी आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि पंजाब के लोग जवाबदेही के हकदार हैं और उन लोगों को दोषी ठहराया जाना चाहिए जिन्होंने राजनीतिक संरक्षण देकर ड्रग माफिया को पनपने दिया। अगर इन दोषियों को न्याय के कटघरे में खड़ा नहीं गया, तो पंजाब के युवाओं को आगे भी इसी तरह नुकसान होता रहेगा और उनका भविष्य खतरे में रहेगा।

खबरें और भी हैं...

Copyright © 2025 Dainik Savera Times. All rights reserved.
ऐप खोलें