धूरी: लंबे समय से राजनीति से राजनीतिक चुप्पी धारण किए बैठे पूर्व विधायक दलवीर सिंह गोल्डी खंगूड़ा ने अपने ग्रह में बुलाई पत्रकार वार्ता दौरान क्षेत्र धूरी की मुश्किलों व माँगों के लिए अपनी वचनबद्धता दोहराते धूरी की राजनीति में सक्रियता के साथ फिर कूदने का ऐलान किया है। बताने योग्य है कि 2022 के विधानसभा चुनाव समय दलवीर सिंह गोल्डी कांग्रेस उम्मीदवार के उम्मीदवार होते आप उम्मीदवार और मौजूदा मुख्यमंत्री भगवंत मान से हार गए थे और बीती मई में मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व में आम आदमी पार्टी में शामिल हो गए थे और करीब 6 महीनों के राजनीतिक वनवास के बाद इन्होंने आप से दूरियाँ बनाई हुई हैं। गोल्डी ने क्षेत्र की बंद हुई शुगर मिल को चलाने के लिए राजनीतिक लड़ाई शुरू करने का ऐलान करते कहा कि क्षेत्र के लिए शुगर मिल का बंद होना मंदभागा है, क्योंकि क्षेत्र के गन्ना काश्तकारों को अपना गन्ना बेचने के लिए दूर-दराज जाना पड़ता है।
उन्होंने जल्द ही घर वापसी करने के संकेत देते कहा कि वह जल्द ही प्रदेश कांग्रेस के प्रधान, विरोधी पक्ष के नेता समेत ओर उच्च नेताओं को रस्मी तौर पर मिलेंगे। विरोधी पक्ष के नेता प्रताप सिंह बाजवा की तरफ से गोल्डी खंगूड़ा की फिर घर वापसी पर लगाए सवालिया निशान पर बोलते उन्होंने प्रताप बाजवा को अपना आदरणीय बताते प्यार में तकरार होना स्वाभाविक कहते कहा कि उस समय मुङो भी गुस्सा नहीं करना चाहिए था और वह बाजवा से रस्मी समय लेकर मिलेंगे और उनको अतीत में हुई राजनीतिक गलतियों के बदले मुआफी मांगने में भी कोई गुरेज नहीं।
खंगूड़ा ने पत्रकारों द्वारा किए गए एक सवाल का जबाव देते हुए कहा कि वह अपने द्वारा दिए गए नारे ला दे हुण ताकत पूरी, विच पंजाब चमकाऊणा धूरी पर आज भी कायम हैं और वह इस नारे के तहत जमीनी स्तर पर कार्य करेंगे। उन्होंने कांग्रेस छोड़ने को अपनी पहली और आखिरी राजनीतिक गलती बताते कहा कि वह यूनिवर्सिटी राजनीति के बाद राहुल गांधी की सोच से प्रभावित होकर कांग्रेस में शामिल हुए थे और उन्होंने बतौर जिला प्रधान की जिम्मेदारी बखूबी निभाई है और जिले में कांग्रेस को मजबूत किया है। उन्होंने बुरे समय में अच्छे बुरे व्यक्ति की पहचान होने की बात करते कहा कि वह शहर में अपना दफ्तर खोल रहे हैं, जहाँ हर क्षेत्र निवासी को केंद्र और पंजाब सरकार की स्कीमों का लाभ दिलाने के लिए उनकी टीम पहले की तरह काम करेगी।
क्या वह फिर 2027 में धूरी से चुनाव लड़ेंगे?, के बारे में पूछे सवाल का जवाब देते उन्होंने कहा कि वह 2027 मतदान के लिए कांग्रेस को मजबूत करने के लिए ठोस उपराले करेंगे। उन्होंने पंजाब यूनिवर्सिटी की सैनेट मतदान तुरंत करवाई जाएं और उन्होंने यूटी चंडीगढ़ प्रशासक गुलाब चंद कटारिया से अपील की कि विद्यार्थियों के खिलाफ दर्ज किये गए झूठे केस तुरंत खारिज किए जाएं। इस मौके जिला परिषद मैंबर इन्दरपाल सिंह गोल्डी, रणजीत सिंह काका ईसी, जगराज सिंह शेरपुर सोढियां, साधू राम, महांवीर सिंह, नरपिन्दर सिंह गोरा (तीनों काऊंसलर), ठेकेदार प्रेम कुमार, अशीश ढंड, राकेश गर्ग, हरबंस सिंह कक्कड़वाल, पंकज धीर समेत बड़ी संख्या में गणमान्य उपस्थित थे।

