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सरकार ने किया अनुसूचित जाति के लोगों का 68 करोड़ रुपए का कर्ज माफ, बांटे NOC सर्टिफिकेट

Loan waived off by government

Loan waived off by government

Loan waived off by government : पंजाब सरकार के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने शनिवार को अमृतसर स्थित गुरु नानक देव यूनिवर्सिटी में अहम प्रेस कॉन्फ्रेंस की। इस मौके पर लाल चंद कटारूचक और हरभजन सिंह ईटीओ भी मौजूद थे। मंत्री ने बताया कि पंजाब सरकार ने अनुसूचित जाति (एससी) से संबंधित कुल 4,727 लोगों के करीब 68 करोड़ रुपये के कर्ज माफ किए हैं।

बांटे गए अनापत्ति प्रमाण पत्र-
वित्त मंत्री ने बताया कि जिन लोगों ने 1971 से 2020 के बीच सरकारी योजनाओं के तहत कर्ज लिया था, लेकिन आर्थिक तंगी के कारण उसे चुका नहीं पाए, उनके कर्ज माफ किए गए हैं। इनमें दिव्यांग और बेहद गरीब लोग भी शामिल हैं। सरकार ने इन लाभार्थियों को अनापत्ति प्रमाण पत्र (एनओसी) भी मुहैया कराए। इस दौरान मुख्यमंत्री भगवंत मान ने भी लाभार्थियों से बातचीत की और उनकी समस्याओं को जानने की कोशिश की।

पिछली सरकारों पर बोला हमला-
हरपाल सिंह चीमा ने राज्य की पिछली सरकारों पर भी जुबानी हमला बोला। उन्होंने कहा कि अकाली दल और कांग्रेस की पिछली सरकारों ने ऐसी कोई पहल नहीं की, लेकिन आम आदमी पार्टी (आप) सरकार ने गरीब और वंचित समाज को राहत देने की दिशा में यह ऐतिहासिक कदम उठाया है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि इन लाभार्थियों को भविष्य में सरकार की ओर से प्रमाण पत्र भी दिए जाएंगे ताकि वे फिर से ऋण ले सकें और आत्मनिर्भर बन सकें।

किसानों के ऋण के संबंध में वित्त मंत्री ने कहा कि किसानों की ऋण माफी पर बाद में निर्णय लिया जाएगा। किसानों की कई मांगें इस समय लंबित हैं। ये मामले केंद्र सरकार के अधिकार क्षेत्र में आते हैं। उन्होंने केंद्र से किसानों की मांगों को गंभीरता से लेने और उनका समाधान करने की अपील की। उन्होंने राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी पर निशाना साधा और उन्हें नाटकबाज बताया और कहा कि उनकी सरकार ने इस दिशा में कुछ नहीं किया।

अनुसूचित जाति के लोगों को नई शुरुआत का मिला मौका-
मंत्री बलजीत कौर ने कहा कि अनुसूचित जाति के लोग वर्षों से सामाजिक और आर्थिक रूप से पिछड़े हुए हैं। ऐसे कई लोग हैं जो गरीबी रेखा से नीचे जीवन यापन कर रहे हैं और पिछले 50 वर्षों से कर्ज के जाल में फंसे हुए हैं। ऐसे लोग ब्याज भी नहीं चुका पा रहे थे, लेकिन अब कर्ज माफी के इस फैसले ने उन्हें नई शुरुआत का मौका दिया है।

अनुसूचित जाति समुदाय के लोगों ने सरकार का आभार जताते हुए कहा कि उन्हें अपने मकान के लिए लिए गए कर्ज को चुकाने में दिक्कत आ रही थी। लेकिन अब सरकार ने उनके कर्ज माफ करके और प्रमाण पत्र देकर उन्हें राहत दी है। इससे उनका आत्मविश्वास भी मजबूत हुआ है।

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