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पंजाब रोडवेज और पनबस के कच्चे कर्मचारियों की प्रदेशव्यापी हड़ताल, मांगें नहीं मानीं तो तेज होगा संघर्ष

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मोगा: पंजाब रोडवेज और पनबस के कच्चे कर्मचारियों ने अपनी लंबित मांगों को लेकर आज प्रदेशभर में हड़ताल की। कर्मचारियों की ओर से सरकार से मांगों को जल्द पूरा करने की अपील की जा रही है। कर्मचारियों का कहना है कि वे लंबे समय से अपनी मांगों को लेकर संघर्ष कर रहे हैं, लेकिन अभी तक उनकी समस्याओं का स्थायी समाधान नहीं हुआ है। उन्होंने सरकार से कर्मचारियों के हितों को ध्यान में रखते हुए ठोस कदम उठाने की मांग की।

कर्मचारियों की प्रमुख मांगों में आउटसोर्स के माध्यम से काम कर रहे कर्मचारियों को कॉन्ट्रैक्ट आधार पर रखना तथा जिन कर्मचारियों के खिलाफ मामले दर्ज किए गए हैं, उन्हें रद्द कर संबंधित कर्मचारियों को नौकरी पर दोबारा बहाल करना शामिल है। कर्मचारियों का कहना है कि उनकी मांगों पर गंभीरता से विचार कर जल्द निर्णय लिया जाना चाहिए, ताकि उन्हें राहत मिल सके।

मंत्रियों के साथ चल रही बातचीत, समाधान नहीं निकला तो तेज होगा संघर्ष

इस दौरान कर्मचारी नेताओं ने कहा कि अपनी मांगों को लेकर मंत्रियों के साथ बातचीत चल रही है। टेबल पर बैठकर मुद्दों पर विचार-विमर्श किया जा रहा है, लेकिन जब तक बातचीत से कोई ठोस समाधान नहीं निकलता, तब तक कर्मचारियों की समस्याएं दूर नहीं होंगी। नेताओं ने स्पष्ट किया कि यदि सरकार ने उनकी मांगों पर गंभीरता से गौर नहीं किया और कोई ठोस कदम नहीं उठाया, तो आने वाले दिनों में संघर्ष को और तेज किया जाएगा।

उन्होंने कहा कि कर्मचारी अपनी मांगों को लेकर पीछे हटने वाले नहीं हैं। जब तक सरकार उनकी मांगों का उचित समाधान नहीं करती, तब तक उनका संघर्ष जारी रहेगा। नेताओं ने सरकार से अपील की कि बातचीत को सकारात्मक दिशा में आगे बढ़ाते हुए कर्मचारियों की मांगों पर जल्द फैसला लिया जाए।

यात्री हमारे भाई-बहन, उनके हितों के लिए भी लड़ रहे हैं

हड़ताल के कारण बस सेवाएं प्रभावित होने से यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। इस संबंध में कर्मचारी नेताओं ने कहा कि बसों की प्रतीक्षा कर रहे और परेशान हो रहे यात्री भी उनके अपने भाई-बहन हैं। वे यात्रियों की समस्याओं को समझते हैं और उनके प्रति पूरी संवेदना रखते हैं। नेताओं ने कहा कि कर्मचारियों का संघर्ष यात्रियों के खिलाफ नहीं है, बल्कि अपने अधिकारों और भविष्य को सुरक्षित करने के लिए है। उन्होंने कहा कि कर्मचारी आम लोगों की परेशानियों को समझते हैं, लेकिन अपनी मांगों को मनवाने के लिए आंदोलन करना उनकी मजबूरी बन गया है।

कर्मचारी नेताओं ने सरकार से मांग की कि बातचीत के जरिए जल्द कोई ठोस समाधान निकाला जाए, ताकि कर्मचारियों की मांगें पूरी हो सकें और आम लोगों को भी बस सेवाओं में आ रही परेशानियों से राहत मिल सके। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने समय रहते उचित फैसला नहीं लिया, तो आने वाले दिनों में आंदोलन को और व्यापक एवं तेज किया जाएगा।

📍 Location: मोगा

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