
मोगा। हलका मोगा के गांव निधांवाला में पंजाब सरकार की ‘मेरा घर मेरे नाम’ योजना के तहत लाल लकीर के भीतर रहने वाले परिवारों को उनके घरों की पक्की रजिस्ट्रियां प्रदान कर मालिकाना हक दिया गया। इस पहल के माध्यम से लंबे समय से अपने घरों में रह रहे परिवारों को अपनी संपत्ति की कानूनी मालिकी का अधिकार प्राप्त हुआ। घरों के मालिकाना हक से संबंधित दस्तावेज मिलने पर परिवारों को संपत्ति के मामले में कानूनी सुरक्षा मिलेगी और वे भविष्य को लेकर अधिक निश्चिंत होकर अपने जीवन की योजनाएं बना सकेंगे।
इस अवसर पर हलका मोगा की विधायक डॉ. अमनदीप कौर अरोड़ा ने कहा कि ‘मेरा घर मेरे नाम’ योजना का मुख्य उद्देश्य लाल लकीर के भीतर रहने वाले पात्र परिवारों को उनके घरों का कानूनी मालिकाना हक प्रदान करना है। उन्होंने कहा कि गांवों में अनेक परिवार पीढ़ियों से अपने घरों में रह रहे हैं, लेकिन उनके पास संपत्ति की मालिकी साबित करने के लिए आवश्यक दस्तावेज नहीं होते। ऐसे में घर की पक्की रजिस्ट्री मिलना उनके लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है।
विधायक डॉ. अमनदीप कौर अरोड़ा ने कहा कि प्रत्येक परिवार के लिए अपना घर केवल रहने का स्थान नहीं होता, बल्कि यह उसकी मेहनत, सपनों, भावनाओं और भविष्य से भी जुड़ा होता है। जब परिवार को अपने घर की कानूनी मालिकी प्राप्त होती है, तो उसके मन में सुरक्षा और स्थिरता की भावना मजबूत होती है। यह अधिकार परिवारों को अपनी संपत्ति के संबंध में स्पष्ट कानूनी स्थिति प्रदान करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने कहा कि सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का वास्तविक उद्देश्य तभी पूरा होता है, जब उनका लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे। गांवों में रहने वाले पात्र परिवारों को उनके अधिकार दिलाना और उन्हें सरकारी सुविधाओं का लाभ उपलब्ध करवाना प्राथमिकता होनी चाहिए। ‘मेरा घर मेरे नाम’ योजना भी इसी सोच के तहत लोगों को उनकी संपत्ति के कानूनी अधिकार प्रदान करने का माध्यम है
विधायक ने कहा कि घरों की पक्की रजिस्ट्रियां मिलने से लाभार्थी परिवारों को अपनी संपत्ति से जुड़े मामलों में अधिक स्पष्टता और सुरक्षा मिलेगी। कानूनी दस्तावेज होने से भविष्य में संपत्ति संबंधी विभिन्न कार्यों को पूरा करने में भी सुविधा हो सकती है। इससे परिवारों को अपने घरों को लेकर अनिश्चितता से राहत मिलेगी और वे अपने भविष्य की बेहतर योजना बना सकेंगे। उन्होंने कहा कि सरकार का प्रयास है कि कोई भी पात्र परिवार अपने अधिकारों से वंचित न रहे। इसके लिए जरूरी है कि लोगों को सरकारी योजनाओं की जानकारी मिले और पात्र परिवार निर्धारित प्रक्रिया के तहत इनका लाभ उठा सकें। योजनाओं का लाभ गांव-गांव तक पहुंचने से लोगों में जागरूकता बढ़ती है और सरकारी व्यवस्था के प्रति उनका विश्वास भी मजबूत होता है।
डॉ. अमनदीप कौर अरोड़ा ने कहा कि गांव निधांवाला में परिवारों को मालिकाना हक प्रदान किया जाना लोगों को अधिकार संपन्न बनाने की दिशा में सराहनीय कदम है। उन्होंने कहा कि इस तरह की योजनाएं ग्रामीण परिवारों को कानूनी सुरक्षा देने के साथ-साथ उनके जीवन में स्थिरता लाने में भी सहायक हैं। घर की पक्की रजिस्ट्री मिलने से परिवारों को अपने भविष्य के प्रति विश्वास मजबूत करने का अवसर मिलता है।
उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधियों और प्रशासन की जिम्मेदारी है कि लोगों की समस्याओं को समझकर उनके समाधान के लिए प्रयास किए जाएं। पात्र परिवारों को सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाना और उनके अधिकारों की रक्षा करना जनसेवा का महत्वपूर्ण हिस्सा है। ‘मेरा घर मेरे नाम’ योजना के तहत गांव निधांवाला में परिवारों को मिले मालिकाना हक से लाभार्थियों को राहत मिलेगी और उनके घरों को कानूनी पहचान मिलने से भविष्य अधिक सुरक्षित बनाने में मदद मिलेगी।
📍 Location: मोगा