पंजाब डेस्क: हाल ही में बाबा फरीद यूनिवर्सिटी द्वारा लिया गया फार्मेसी का पेपर लीक हो गया था। जिसके खिलाफ पंजाब स्टूडेंट्स यूनियन और दूसरे संगठनों ने बाबा फरीद यूनिवर्सिटी के सामने विरोध प्रदर्शन किया, जो आज पांचवें दिन में प्रवेश कर गया है।
सरकार इसे नकल का मामला बता रही है। फार्मेसी अधिकारियों की भर्ती के लिए लिए जा रहे पेपर को लीक करने के आरोपी यूनिवर्सिटी अधिकारियों और राजनीतिक नेताओं को बचाने की कोशिश की जा रही है। विवादित पेपर अभी तक रद्द नहीं किया गया है। जिसके खिलाफ अलग-अलग संगठन 4 अगस्त को यूनिवर्सिटी के सामने एक बड़ा जमावड़ा कर रहे हैं।
आज भारतीय किसान यूनियन क्रांतिकारी ने यूनिवर्सिटी के सामने पक्के विरोध में हिस्सा लिया और BKU के स्टेट वाइस प्रेसिडेंट सूरजभान और स्टेट असिस्टेंट सेक्रेटरी बलदेव सिंह सुक्खनवाला ने बात की और कहा कि पंजाब सरकार इस मामले को खींच रही है, इस पेपर में करीब 7000 स्टूडेंट्स प्रभावित हुए हैं लेकिन पेपर अभी तक कैंसिल नहीं किया गया है। बाबा फरीद यूनिवर्सिटी लंबे समय से बिना नियमों के गलत तरीके से भर्तियां करवा रही है और हर भर्ती में पॉलिटिकल दखलअंदाजी हो रही है। युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है और कोई भी भर्ती ट्रांसपेरेंट तरीके से नहीं हो रही है। हेल्थ मिनिस्टर को नैतिक आधार पर इस्तीफा दे देना चाहिए।
उन्होंने कहा कि 4 अगस्त को होने वाले जमावड़े में बड़ी संख्या में किसान शामिल होंगे। पंजाब स्टूडेंट्स यूनियन की नेता हरवीर कौर, सुखबीर सिंह ने कहा कि पेपर शुरू होने के पांच से सात मिनट में ही हरियाणा पहुंच गया था, लेकिन सरकार पॉलिटिकल डर से इसे लीक नहीं मान रही है और दोषियों को बचाने की कोशिश कर रही है। इस पेपर लीक के खिलाफ बने माहौल के कारण सरकार ने इस बार फरीदकोट को B.Ed एंट्रेंस एग्जाम का सेंटर नहीं बनाया। नौजवान भारत सभा के राज्य नेता ने कहा कि इस विरोध प्रदर्शन में बड़ी संख्या में युवा हिस्सा लेंगे।
📍 Location: Faridkot (Faridkot)

