Paper leak mafia puts children’s future at risk : फरीदकोट। पेपर लीक की बढ़ती घटनाओं को लेकर शिरोमणि अकाली दल के वरिष्ठ नेता परमबंस रोमाना ने गंभीर चिंता जताई है। उन्होंने आरोप लगाया कि संगठित पेपर लीक माफिया शिक्षा व्यवस्था को खोखला कर रहा है, जिससे मेहनती और मेधावी विद्यार्थियों का भविष्य खतरे में पड़ गया है।
पंजाब पेपर लीक पर AAP को रोमाना ने घेरा
रोमाना ने कहा कि माता-पिता अपनी जीवनभर की कमाई बच्चों की पढ़ाई पर खर्च करते हैं, लेकिन पेपर लीक के कारण योग्य छात्रों का हक छिन जाता है और गलत तरीके से दूसरों को लाभ मिल जाता है। उन्होंने कहा कि पूरे भारत में NEET का मुद्दा चल रहा है लेकिन उस मुद्दे के आगे आम आदमी पार्टी पंजाब में पेपर लीक को दबाने की कोशिश कर रही है। पूरी आम आदमी पार्टी जंतर-मंतर पर NEET के खिलाफ प्रोटेस्ट कर रही है। पूरी पार्टी वहां जाती है लेकिन पंजाब में चल रहे पेपर लीक स्कैम पर कुछ नहीं होता। उन्होंने कहा कि देखिए, पहले बच्चे PCS पढ़ते थे और PCS की तैयारी करते थे जिसे पंजाब सिविल सर्विस कहते थे लेकिन अब आम आदमी पार्टी की सरकार में PCS बन गया है।
सरकार पेपर लीक दबाने में जुटी : रोमाना
सालों से पेपर लीक हो रहे हैं और पैसे लेकर बच्चों को पेपर में पास कराया जा रहा है। अभी की घटना देखिए। बाबा फरीद यूनिवर्सिटी के फार्मासिस्ट ऑफिसर का पेपर लीक हुआ और पेपर लीक हुआ और सरकार इसे कैसे दबाने की कोशिश कर रही है? सरकार ने कहा कि सबसे पहले यह साफ कर देना है कि यह नकल का मामला नहीं है। यह आम आदमी पार्टी का एक ऑर्गनाइज्ड माफिया है जो पंजाब के बाहर से चल रहा है जिसमें नकल करवाई जाती है। इसमें कैमरे वाले पेन अंदर जाते हैं, स्कैनर अंदर जाते हैं, ब्लूटूथ और डिवाइस अंदर जाते हैं।
पेपर लीक अब आम बात बन गई
उन्होंने कहा कि क्या यह पहली घटना नहीं है, यह लगातार काम है, कुछ पेपर मिल रहे हैं, अब तक कुछ पकड़े गए हैं और कुछ नहीं पकड़े गए हैं, मई 2022 में एनएबी तहसीलदार रिक्रूटमेंट का पेपर स्कैम निकला। वो पेपर लीक हो गया था। 42 हज़ार बच्चे जो वहाँ पेपर क्लियर कर चुके थे, मार्च 2023 में एग्जाम हुआ, एक लाख बच्चे आए और पेपर लीक हो गया और आंसर दिए जा रहे थे। बच्चे इंग्लिश का पेपर देने सेंटर में बैठे थे। सुबह पता चला कि पेपर लीक हो गया है और पेपर कैंसिल हो गया है।