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पंजाब में बाढ़ का खतरा! 5 जिलों में हाई अलर्ट, 172 एम्बुलेंस और 438 रेस्क्यू टीमें तैनात

चंडीगढ़: हिमाचल प्रदेश में लगातार हो रही मूसलधार बारिश और बादल फटने की घटनाओं के बाद पंजाब के कई जिलों में बाढ़ का खतरा मंडराने लगा है। राज्य सरकार ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए फिरोजपुर, तरनतारन, होशियारपुर, कपूरथला और फाजिल्का में हाई अलर्ट घोषित कर दिया है।

स्वास्थ्य विभाग ने बाढ़ से निपटने के लिए पूरी ताकत झोंक दी है। विभाग की ओर से कुल 172 एम्बुलेंस, 438 त्वरित प्रतिक्रिया दल (QRT) और 323 मोबाइल मेडिकल टीमें तैनात की गई हैं, जो जरूरत पड़ने पर तत्काल राहत और चिकित्सा सहायता प्रदान करेंगी।

जलस्तर में बढ़ोतरी से बढ़ी चिंता

सतलुज और ब्यास नदियों का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है, जिससे हरिके हेड और उससे जुड़े निचले इलाकों में बाढ़ जैसी स्थिति बन गई है। स्थिति को नियंत्रण में रखने के लिए प्रशासन जलस्तर पर लगातार नजर बनाए हुए है और प्रभावित क्षेत्रों में राहत कार्य शुरू कर दिए गए हैं।

बोट एम्बुलेंस और अन्य राहत साधनों की व्यवस्था

बाढ़ग्रस्त गांवों तक स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाने के लिए विशेष कदम उठाए जा रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग ने उपायुक्तों से समन्वय कर बोट एम्बुलेंस की व्यवस्था की है, ताकि जलमग्न क्षेत्रों तक पहुंचा जा सके।

तीन दिनों तक भारी बारिश का अनुमान

भारतीय मौसम विभाग ने आगामी तीन दिनों के लिए भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। खासकर पठानकोट, होशियारपुर, गुरदासपुर, अमृतसर, मोहाली और रूपनगर में तेज़ बारिश की संभावना जताई गई है। बारिश का असर न सिर्फ पहाड़ी क्षेत्रों में बल्कि मैदानी इलाकों में भी साफ दिखाई दे रहा है।

आपातकालीन तैयारी में जुटा स्वास्थ्य विभाग

सभी जिला सिविल सर्जनों को अलर्ट मोड पर रखा गया है और निर्देश जारी किए गए हैं कि किसी भी आपात स्थिति में चिकित्सीय टीमें 30 मिनट के भीतर मौके पर पहुंचें। विभाग की कोशिश है कि किसी भी हालात में प्रभावित लोगों को तत्काल स्वास्थ्य सहायता उपलब्ध करवाई जा सके।

सरकार की लोगों से अपील

राज्य सरकार ने लोगों से अपील की है कि वे अफवाहों से बचें और प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें। किसी भी आपात स्थिति में स्थानीय हेल्पलाइन नंबरों पर संपर्क करें।

पंजाब इस समय गंभीर जलसंकट की संभावना से जूझ रहा है, लेकिन प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग मिलकर स्थिति को नियंत्रित करने के लिए हरसंभव प्रयास कर रहे हैं। जनता की सुरक्षा सर्वोपरि है और इसके लिए युद्ध स्तर पर काम जारी है।

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