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पंजाब पुलिस ने राज्यसभा नामांकन पत्रों पर जाली हस्ताक्षरों के मामले में कार्रवाई शुरू की

चंडीगढ़: पंजाब पुलिस ने पंजाब विधानसभा के वर्तमान सदस्यों (विधायकों) से प्राप्त शिकायतों के बाद कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि जयपुर, राजस्थान निवासी नवनीत चतुर्वेदी नामक व्यक्ति ने पंजाब से आगामी राज्यसभा चुनावों के लिए जनता पार्टी का राष्ट्रीय अध्यक्ष होने का दावा करते हुए नामांकन पत्र पर उनके हस्ताक्षरों की कथित जालसाजी की है।

पंजाब पुलिस के एक प्रवक्ता ने बताया कि शिकायतकर्ता विधायकों ने बताया है कि उन्हें संदेश और सोशल मीडिया पोस्ट मिले हैं जिनसे पता चलता है कि नवनीत चतुर्वेदी द्वारा पंजाब विधानसभा सचिव के समक्ष दाखिल किए गए नामांकन पत्र में उनके नाम प्रस्तावक के रूप में दिए गए थे। उक्त नवनीत चतुर्वेदी ने राज्यसभा के लिए दो नामांकन दाखिल किए हैं, एक 6.10.2025 को और दूसरा 13.10.2025 को। अपनी शिकायत में विधायकों ने कहा कि यह पाया गया कि प्रस्तावकों की एक हस्तलिखित सूची, जिस पर कथित तौर पर इन विधायकों के हस्ताक्षर हैं, नामांकन पत्रों के साथ संलग्न की गई थी और इसे डिजिटल प्लेटफॉर्म पर प्रसारित किया जा रहा था।

विधायकों ने उक्त नामांकन पर हस्ताक्षर या समर्थन करने से स्पष्ट रूप से इनकार किया है और आरोप लगाया है कि उनके नाम और हस्ताक्षर जाली थे और उनकी सहमति के बिना धोखाधड़ी से उनका इस्तेमाल किया गया। संवैधानिक प्राधिकारी के समक्ष प्रस्तुत किए गए जाली दस्तावेज़ जालसाजी, धोखाधड़ी और आपराधिक षड्यंत्र से जुड़ा एक गंभीर अपराध है।

इन शिकायतों के आधार पर, शिकायतकर्ता विधायकों के निर्वाचन क्षेत्रों के विभिन्न पुलिस थानों में उक्त नवनीत चतुर्वेदी, पुत्र घनश्याम चतुर्वेदी, निवासी 402 सरयू अपार्टमेंट, सेक्टर 26, प्रताप नगर, जयपुर (राजस्थान) और अन्य अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है। षड्यंत्र की पूरी सीमा का पता लगाने, इसमें शामिल अन्य व्यक्तियों की पहचान करने और फोरेंसिक और डिजिटल साक्ष्य एकत्र करने के लिए जाँच शुरू कर दी गई है।

पंजाब पुलिस ने इस मामले को गंभीरता से लिया है और इसे आधिकारिक चुनाव दस्तावेजों में हेराफेरी करके संवैधानिक प्राधिकारियों और जनता को गुमराह करने का प्रयास माना है। प्रारंभिक जाँच रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद आगे की जानकारी साझा की जाएगी।

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