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युवाओं में पढ़ने की आदत को बढ़ावा दे रही पंजाब की ‘ग्रामीण पुस्तकालय योजना’

Punjab Rural Library Scheme

Punjab Rural Library Scheme

पंजाब सरकार की ग्रामीण पुस्तकालय योजना राज्य के गांवों में युवाओं और छात्रों के बीच तेजी से लोकप्रिय हो रही है। इस योजना का मुख्य उद्देश्य पढ़ने की आदत को बढ़ावा देना, शिक्षा को गांव-गांव तक पहुंचाना और युवाओं को राज्य की सामाजिक-आर्थिक प्रगति में भागीदार बनाना है। सरकार के अनुसार, फिलहाल ग्रामीण इलाकों में 278 पुस्तकालय सफलतापूर्वक चल रहे हैं, जबकि 58 अत्याधुनिक पुस्तकालयों का निर्माण कार्य जारी है। ये सभी पुस्तकालय वाई-फाई, आधुनिक किताबों और डिजिटल संसाधनों से लैस हैं।

15 अगस्त 2024 को हुई थी योजना की शुरुआत

ग्रामीण पुस्तकालय योजना की शुरुआत 15 अगस्त 2024 को मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने गांव ईसूड़ खन्ना से की थी। ग्रामीण विकास एवं पंचायत मंत्री तरूणप्रीत सिंह सौंद ने बताया कि मुख्यमंत्री का सपना है कि ये पुस्तकालय गांवों में विकास और ज्ञान के केंद्र बनें। उन्होंने कहा कि इन पुस्तकालयों से पढ़ने वाले युवा आगे चलकर वरिष्ठ अधिकारी, वैज्ञानिक, डॉक्टर, इंजीनियर और तकनीकी विशेषज्ञ बनकर न सिर्फ अपना, बल्कि पूरे राज्य का भविष्य संवारेंगे।

जिला-वार पुस्तकालयों की स्थिति

पंचायत मंत्री ने बताया कि पंजाब के अलग-अलग जिलों में पुस्तकालयों की स्थिति इस प्रकार है… अमृतसर – 4 चालू, बठिंडा – 29 चालू, बरनाला – 9 चालू, 2 निर्माणाधीन, फतेहगढ़ साहिब– 11 चालू, 2 प्रगति पर, फरीदकोट – 10 चालू, 2 प्रगति पर, फाजिल्का – 21 चालू, फिरोजपुर – 15 चालू, 9 प्रगति पर, होशियारपुर – 6 चालू, 9 प्रस्तावित, लुधियाना – 30 चालू, 11 प्रगति पर, मानसा – 17 चालू, 1 प्रगति पर, मलेरकोटला – 11 चालू, श्री मुक्तसर साहिब – 6 प्रगति पर, मोगा – 14 चालू, पटियाला – 28 चालू, 2 प्रगति पर, रूपनगर– 12 चालू, शहीद भगत सिंह नगर – 6 चालू और साहिबजादा अजीत सिंह नगर – 12 प्रगति पर हैं। मंत्री ने बताया कि संगरूर जिले में सबसे अधिक 31 पुस्तकालय चालू हैं और 2 और निर्माणाधीन हैं। इसके अलावा तरन तारन में 11 और जालंधर में 2 पुस्तकालय काम कर रहे हैं।

आधुनिक सुविधाओं से लैस पुस्तकालय

इन ग्रामीण पुस्तकालयों में वाई-फाई सुविधा, सोलर पावर सिस्टम, डिजिटल और एनालॉग संसाधन, समकालीन साहित्य और सभी पाठ्यक्रमों की किताबें उपलब्ध हैं। इससे छात्रों को गांव में ही शहरों जैसा बेहतर अध्ययन वातावरण मिल रहा है।
ज्ञान से सशक्तिकरण की दिशा में बड़ा कदम

ग्रामीण पुस्तकालय योजना पंजाब सरकार की उस सोच को दर्शाती है, जिसमें ज्ञान, शिक्षा और अवसरों के जरिए ग्रामीण समुदायों को सशक्त बनाना लक्ष्य है। यह योजना न केवल पढ़ाई को बढ़ावा दे रही है, बल्कि गांवों के युवाओं को आत्मनिर्भर और आत्मविश्वासी बनाने में भी अहम भूमिका निभा रही है।

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