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पंजाब में 15 नवंबर से बदल जायेंगे टोल टैक्स के नियम: जानें क्या है नया Update

पंजाब डेस्क: अगर आप रोजाना हाईवे पर यात्रा करते हैं, तो टोल से जुड़े नियमों में होने वाला बड़ा बदलाव आपके सफर को सीधे प्रभावित कर सकता है। केंद्र सरकार ने टोल प्लाज़ा पर भुगतान प्रणाली को अधिक आधुनिक और पारदर्शी बनाने के लिए महत्वपूर्ण संशोधन किए हैं, जो 15 नवंबर 2025 से देशभर में लागू हो जाएंगे।

क्या है नया नियम?

केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय (MoRTH) ने नेशनल हाईवे फीस रूल्स, 2008 में बदलाव करते हुए टोल भुगतान को दो श्रेणियों में बांट दिया है

डिजिटल पेमेंट और नॉन-डिजिटल (नकद) पेमेंट।

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नए नियमों के तहत:

FASTag नहीं होने पर: अगर कोई वाहन बिना वैध FASTag के टोल प्लाज़ा पर प्रवेश करता है, तो उससे दो गुना टोल शुल्क वसूला जाएगा।

FASTag फेल होने की स्थिति में: यदि FASTag काम नहीं करता और ड्राइवर UPI या किसी अन्य डिजिटल माध्यम से भुगतान करता है, तो उसे केवल 1.25 गुना टोल देना होगा, जो नकद भुगतान की तुलना में काफी कम है।

सरकार का मानना है कि यह व्यवस्था न सिर्फ टोल प्लाज़ा पर लगने वाले जाम को घटाएगी, बल्कि देश में डिजिटल भुगतान को भी बढ़ावा देगी।

नकद भुगतान वालों को क्यों होगा नुकसान?

नए नियमों से साफ है कि नकद भुगतान को हतोत्साहित किया जा रहा है। टोल प्लाज़ा पर कैश ट्रांजैक्शन धीमे होते हैं, जिससे लंबी कतारें बनती हैं। इसलिए आगे चलकर कैश पेमेंट वालों को ज्यादा शुल्क देना पड़ सकता है, जबकि डिजिटल पेमेंट को बढ़ावा मिलने से FASTag या UPI उपयोगकर्ताओं को लाभ मिलेगा।

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डिजिटल पेमेंट से क्या लाभ होंगे?

तेज़ी से टोल पार करने की सुविधा

कम शुल्क

लंबी लाइन से छुटकारा

ट्रांजैक्शन का स्पष्ट रिकॉर्ड

अंत में यात्रियों को क्या तैयारी करनी चाहिए?

15 नवंबर 2025 से लागू होने वाले इन नियमों को देखते हुए, वाहन चालकों को FASTag अपडेट रखने और डिजिटल पेमेंट विकल्प तैयार रखने चाहिए। इससे न केवल आपका समय बचेगा, बल्कि अतिरिक्त पैसा भी खर्च नहीं होगा।

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