चडीगढ़: पंजाब में इन दिनों मौसम साफ़ और स्थिर बना हुआ है, लेकिन हवा की गुणवत्ता को लेकर चिंता बढ़ती जा रही है। राज्य में उत्तर-पश्चिम दिशा से चल रही हवाओं के चलते रात के तापमान में गिरावट दर्ज की जा रही है, जिससे लोगों को हल्की सर्दी का अहसास होने लगा है। मौसम विभाग के अनुसार, इन हवाओं का असर राज्य के तापमान और वायु गुणवत्ता दोनों पर स्पष्ट रूप से देखा जा सकता है।
गुरदासपुर सबसे ठंडा, बठिंडा में गर्मी बरकरार
राज्य में तापमान में उतार-चढ़ाव जारी है। एक ओर गुरदासपुर में न्यूनतम तापमान गिरकर 15.4 डिग्री सेल्सियस पर पहुँच गया, जो इस समय पंजाब में सबसे ठंडा है, वहीं दूसरी ओर बठिंडा में अधिकतम तापमान 34.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो राज्य का सबसे गर्म क्षेत्र बना हुआ है।
वायु गुणवत्ता में गिरावट: केवल दो शहर सुरक्षित
पंजाब में वायु प्रदूषण एक बार फिर चिंता का विषय बन गया है। राज्य के आठ वायु गुणवत्ता निगरानी केंद्रों में से सिर्फ़ अमृतसर और बठिंडा ऐसे रहे जहाँ वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 100 से नीचे रहा। बाकी शहरों में हवा की गुणवत्ता मध्यम या अस्वस्थ स्तर पर पहुँच चुकी है। PM10 का औसत स्तर करीब 144 रहा, जो “बेहद अस्वस्थ” श्रेणी में आता है। वहीं PM2.5 का स्तर 77 के आसपास पहुँच गया है, जो स्वास्थ्य के लिए हानिकारक माना जाता है।
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हवाओं के रुख से प्रदूषण में अंतर
मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि उत्तर-पश्चिमी हवाएँ राज्य के भीतर से प्रदूषकों को पड़ोसी इलाकों की ओर ले जा रही हैं, जिससे कुछ क्षेत्रों में हवा थोड़ी साफ़ नज़र आ रही है, जबकि अन्य स्थानों पर धुंध और धुएँ की परत छा सकती है। हवा की दिशा में परिवर्तन के साथ ही आने वाले दिनों में वायु गुणवत्ता में उतार-चढ़ाव संभव है।
पराली जलाने में बड़ी गिरावट, जागरूकता रंग लाई
प्रदूषण नियंत्रण के प्रयासों का असर भी नज़र आने लगा है। पंजाब प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के आँकड़ों के मुताबिक 15 सितंबर से 16 अक्टूबर 2025 के बीच केवल 188 पराली जलाने के मामले सामने आए हैं। यह संख्या पिछले साल की इसी अवधि के 1,212 मामलों की तुलना में लगभग 80% कम है। इस गिरावट का श्रेय सख़्त निगरानी, जुर्माना और सरकार द्वारा चलाए गए जागरूकता अभियानों को दिया जा रहा है।
आने वाले दिन अहम
मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले दिनों में वायु की गुणवत्ता मुख्यतः पराली जलाने की स्थिति और हवाओं की दिशा पर निर्भर करेगी। फिलहाल राज्य में मौसम सामान्य बना हुआ है, लेकिन हवा की गुणवत्ता में सुधार के लिए लगातार प्रयासों की ज़रूरत है।

