तरनतारन: डिप्टी कमिश्नर राहुल ने ज़िले के सभी किसानों से अपील की है कि वे खरीफ़ सीज़न के दौरान धान की कटाई तभी करें जब फ़सल पूरी तरह पक जाए और बाज़ार में बिक्री के लिए केवल सूखा धान ही लाएँ। उन्होंने बताया कि भारत सरकार ने खरीद के लिए धान में नमी की अधिकतम सीमा 17 प्रतिशत तय की है। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर किसी किसान की धान की फ़सल में 17 प्रतिशत से ज़्यादा नमी हुई, तो उन्हें बाज़ार में दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है। उन्होंने कहा कि फ़सल के पूरी तरह पकने के बाद ही कटाई करने से नमी की सही मात्रा सुनिश्चित होती है।
उन्होंने आगे बताया कि केंद्र सरकार ने इस साल के लिए धान की कीमत ₹2,461 प्रति क्विंटल तय की है, और अगर किसान बाज़ार में सूखी धान लाते हैं तो उन्हें अपनी उपज का पूरा दाम मिलेगा।
डिप्टी कमिश्नर ने ज़िले के मुख्य कृषि अधिकारी और ज़िला मंडी अधिकारी को कड़े निर्देश दिए कि वे गाँवों में विशेष कैंप लगाएँ और किसानों को अनाज मंडियों में केवल सूखी धान की फ़सल लाने के बारे में जागरूक करें।
डिप्टी कमिश्नर ने बताया कि भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) 2023 की धारा 163 के तहत मिली शक्तियों का इस्तेमाल करते हुए, खरीफ़ सीज़न के दौरान तरनतारन ज़िले के अधिकार क्षेत्र में शाम 6:00 बजे से सुबह 10:00 बजे के बीच कंबाइन हार्वेस्टर से धान की कटाई पर पूरी तरह रोक लगाने के आदेश पहले ही जारी किए जा चुके हैं। इसके अलावा, रात के समय नेशनल हाईवे, स्टेट हाईवे और लिंक रोड पर कंबाइन हार्वेस्टर के चलने पर भी पूरी तरह रोक लगा दी गई है। उन्होंने कंबाइन ऑपरेटरों को इन आदेशों का सख्ती से पालन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
📍 Location: Amritsar (Amritsar)

