हरियाणा: शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के वरिष्ठ उपाध्यक्ष Raghujit Singh Virk के खिलाफ FIR दर्ज की गई है। बता दें कि रघुजीत सिंह विर्क 2003 से लगातार SGPC में सेवा दे रहे हैं। यह मामला पुलिस थाना शाहबाद, जिला कुरुक्षेत्र, हरियाणा में दर्ज किया गया है।
FIR में दर्ज धाराएँ:
इस FIR में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की निम्नलिखित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है:
धारा 115 (BNS) – किसी अपराध के लिए उकसाने या सहायता देने से जुड़े गंभीर परिणाम।
धारा 190 (BNS) – क़ानून या अधिकार के दुरुपयोग से संबंधित गैरकानूनी कार्यवाही।
धारा 191(2) (BNS) – नुकसान पहुँचाने के इरादे से झूठी या भ्रामक कार्रवाई।
धारा 299 (BNS) – मानव मृत्यु से जुड़े गंभीर अपराध (कल्पनीय हत्याकांड)।
धारा 351(3) (BNS) – धमकियाँ देने या डराने-धमकाने (क्रिमिनल इंटिमिडेशन) से संबंधित।
पुलिस जांच जारी
मामला इस समय स्थानीय पुलिस द्वारा जांचाधीन है। पुलिस का कहना है कि जांच के निष्कर्षों के आधार पर आगे कानूनी कार्रवाई की जाएगी। अभी तक आरोपियों या SGPC की ओर से कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है।
रघुजीत सिंह विरक SGPC में लंबे समय से सेवा दे रहे हैं और उनकी भूमिका संगठन में महत्वपूर्ण मानी जाती है। FIR दर्ज होने के बाद इलाके में चर्चा तेज हो गई है, जबकि लोग आगामी पुलिस और कानूनी कार्रवाई के नतीजों का इंतजार कर रहे हैं।
