Strictness by the Food Commission during inspections : अमृतसर। पंजाब राज्य खाद्य आयोग के सदस्य विजय दत्त ने मानावाला और तलवंडी डोगरा के सरकारी स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम (NFSA) 2013 के तहत संचालित योजनाओं के जमीनी स्तर पर क्रियान्वयन का जायजा लिया।
मिड-डे मील की गुणवत्ता जांची, दिए सख्त निर्देश
निरीक्षण के दौरान विजय दत्त ने मिड-डे मील व्यवस्था, बच्चों को परोसे जा रहे भोजन की गुणवत्ता, स्वच्छता, रसोई व्यवस्था तथा पीने के पानी की उपलब्धता का बारीकी से निरीक्षण किया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को निर्देश दिए कि बच्चों को स्वच्छ, पौष्टिक एवं गुणवत्तापूर्ण भोजन उपलब्ध करवाना सुनिश्चित किया जाए तथा सभी निर्धारित मानकों एवं नियमों का सख्ती से पालन किया जाए। उन्होंने मिड-डे मील तैयार करने वाली कुक महिलाओं को साफ-सफाई बनाए रखने तथा भोजन तैयार करते समय स्वास्थ्य एवं सुरक्षा मानकों का पूर्ण रूप से पालन करने की हिदायत दी।
गैस सिलेंडर की कमी पर स्कूलों ने उठाई समस्या
विजय दत्त ने स्कूल प्रबंधन को निर्देश दिए कि पीने के पानी की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए समय-समय पर TDS जांच करवाई जाए तथा फूड टेस्ट रजिस्टर नियमित रूप से संधारित किया जाए। उन्होंने बच्चों एवं मिड-डे मील तैयार करने वाले कुक्स के नियमित स्वास्थ्य परीक्षण (Health Check-up) करवाने पर भी विशेष जोर दिया। निरीक्षण के दौरान स्कूल प्रबंधन ने पंजाब राज्य खाद्य आयोग के सदस्य विजय दत्त के समक्ष एक महत्वपूर्ण समस्या भी रखी। स्कूल प्रबंधन ने बताया कि स्थानीय इंडेन गैस एजेंसी की ओर से समय पर एवं नियमित रूप से गैस सिलेंडर उपलब्ध नहीं करवाए जाते, जिसके कारण उन्हें कई बार मजबूरीवश लकड़ी के ईंधन पर मिड-डे मील तैयार करना पड़ता है।
गैस समस्या के समाधान का भरोसा, बच्चों संग किया भोजन
इस समस्या को गंभीरता से लेते हुए विजय दत्त ने संबंधित अधिकारियों एवं गैस एजेंसी से इस विषय पर तत्काल बातचीत कर उचित समाधान करवाने का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि बच्चों के भोजन की व्यवस्था किसी भी कारण से प्रभावित नहीं होने दी जाएगी तथा भविष्य में स्कूलों को इस प्रकार की कठिनाइयों का सामना नहीं करना पड़े, इसके लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे। निरीक्षण के दौरान विजय दत्त ने बच्चों के साथ बातचीत की, उनकी समस्याएं सुनीं तथा उनके साथ भोजन भी किया। उन्होंने कहा कि पंजाब राज्य खाद्य आयोग बच्चों को सुरक्षित, स्वच्छ एवं पौष्टिक भोजन उपलब्ध करवाने के लिए पूर्णतः प्रतिबद्ध है और भविष्य में भी इस प्रकार के औचक निरीक्षण निरंतर जारी रहेंगे।