
लुधियाना: प्रशासन ने उप-मंडल मजिस्ट्रेट (SDM) जगरांव के अधिकार क्षेत्र में धान की पराली और कचरा जलाने के मामलों के संबंध में बहुत सख्त रुख अपनाया है। क्षेत्र में पराली जलाने के कुल आठ मामले सामने आए हैं, जिनमें से 6 की पुष्टि हो चुकी है और राजस्व विभाग द्वारा तुरंत रेड एंट्री दर्ज की गई है और प्रति मामले 30,000 रुपये का जुर्माना वसूलने के निर्देश जारी किए गए हैं।
इस संबंध में SDM बादलुद्दीन ने कृषि और किसान कल्याण विभाग के अधिकारियों और क्लस्टर अधिकारियों के साथ एक उच्च स्तरीय बैठक की। बैठक के दौरान उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे किसानों को पंचायतों की मदद से पराली जलाने के बजाय आधुनिक और वैज्ञानिक तरीकों से इसका निपटान करने के लिए प्रेरित करें। उन्होंने सुझाव दिया कि पराली की गांठ बनाकर इसे खेतों से बाहर निकाला जाना चाहिए या जमीन में ही रखा जाना चाहिए।
भम्मीपुरा गांव में दर्ज एक प्राथमिकी का जिक्र करते हुए उन्होंने किसानों से कानूनी कार्रवाई से बचने की अपील की। इस अवसर पर कृषि मंत्री डॉ. रमिंदर सिंह और एडीओ जसवंत सिंह पुरैन ने भी किसानों को पराली में आग नहीं लगाने का सख्ती से निर्देश दिया।
📍 Location: लुधियाना (लुधियाना)
मेष: दिन शुभ रहेगा...