होशियारपुर। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने रविवार को कहा कि गैंगस्टर, तस्करों, अपराधियों और अन्य असामाजिक तत्वों के लिए राज्य में कोई जगह नहीं है और जल्द ही उनका सफाया कर दिया जाएगा। मान ने 2,490 पुलिसकर्मियों की पासिंग आउट परेड के दौरान यहां एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि इस पवित्र भूमि ने साधु-संतों, शहीदों, महान खिलाड़ियों और नायकों को जन्म दिया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि हालांकि तस्करों, गैंगस्टर और अन्य अपराधियों ने दुर्भाग्यवश पिछली सरकारों के कथित संरक्षण में इस राज्य को अपना ठिकाना बना लिया। मान ने कहा कि राज्य सरकार ने अब इन राष्ट्रविरोधी तत्वों को बाहर निकालने के लिए ‘‘धर्मयुद्ध’’ शुरू कर दिया है, और वे जल्द ही सलाखों के पीछे होंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब एक ऐतिहासिक मोड़ पर है क्योंकि उनकी सरकार ने राज्य में मादक पदार्थ के खिलाफ निर्णायक युद्ध शुरू किया है। मान ने कहा कि राज्य सरकार ने नशे के खिलाफ कतई बर्दाश्त नहीं करने की नीति अपनाई है और जनता के सक्रिय समर्थन व सहयोग से पंजाब को पूरी तरह नशा मुक्त बनाया जाएगा। उन्होंने कहा कि नशीले पदार्थों की आपूíत लाइन को तोड़ा जा रहा है, नशा तस्करों को सलाखों के पीछे डाला जा रहा है और नशा तस्करों की संपत्ति जब्त की जा रही है या उसे नष्ट किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि विरोधी ताकतें सीमावर्ती राज्य में कड़ी मेहनत से अíजत शांति को भंग करने के लिए नापाक मंसूबे बना रही हैं। उन्होंने कहा कि पंजाब पुलिस ने हमेशा ऐसे प्रयासों को विफल किया है। मान ने कहा कि राज्य के सामने आने वाली प्रमुख चुनौतियों से निपटने के लिए जांच, विज्ञन और प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में पुलिस बल को आवशय़कताओं के अनुसार अपडेट करना जरूरी है। नए पुलिसकर्मियों को बधाई देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि यह उनके लिए एक महत्वपूर्ण अवसर है क्योंकि वे पंजाब पुलिस परिवार का एक अभिन्न अंग बन गए हैं।
मान ने नवनियुक्त पुलिस कर्मियों से राज्य से नशे की बुराई को खत्म करने में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि 2022 से अब तक पुलिस बल में 10,000 से अधिक युवाओं की नियुक्ति की जा चुकी है। मान ने कहा कि राज्य सरकार ने 10,000 नए पुलिस कर्मियों की भर्ती करने का भी फैसला किया है, जिसके लिए जल्द ही मंत्रिमंडल द्वारा आवशय़क मंजूरी दी जाएगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि सड़कों पर सुरक्षा बढ़ाने तथा बहुमूल्य जीवन बचाने के लिए ‘सड़क सुरक्षा फोर्स’ का गठन किया गया है। मान ने कहा कि इस बल को यातायात दुर्घटनाओं की दृष्टि से संवेदनशील 4,200 किलोमीटर राजमार्गों पर तैनात किया गया है। उन्होंने कहा कि वे गश्त के अलावा यातायात उल्लंघनों को रोकने का काम भी करते हैं।