नेशनल डेस्क: उत्तराखंड के राज्यपाल गुरमीत सिंह ने हाल ही में अमृतसर स्थित पवित्र श्री दरबार साहिब में माथा टेककर श्रद्धा प्रकट की। इस अवसर पर शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के अध्यक्ष हरजिंदर सिंह धामी ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। उन्हें सम्मान स्वरूप सिरोपा और दरबार साहिब का एक सुंदर मॉडल भेंट किया गया।
राज्यपाल गुरमीत सिंह ने बताया कि उनका जन्म अमृतसर के गांव जलाल उस्मा में हुआ था, इसलिए इस पावन भूमि से उनका गहरा रिश्ता है। उन्होंने यह भी याद किया कि जब उन्होंने सेना में अपनी सेवा शुरू की थी, तब भी वे यहां आशीर्वाद लेने पहुंचे थे। दरबार साहिब आकर उन्हें हमेशा मानसिक शांति मिलती है और इस बार भी वे पूरी मानवता की भलाई के लिए अरदास करने आए हैं। उन्होंने सिख गुरुओं की शिक्षाओं का जिक्र करते हुए गुरु तेग बहादुर की शहादत को प्रेरणादायक बताया और गुरु नानक देव के एकता और भाईचारे के संदेश को आज के समय में बेहद महत्वपूर्ण बताया।
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राज्यपाल ने उत्तराखंड में स्थित श्री हेमकुंट साहिब से जुड़ी एक अहम जानकारी भी साझा की। उन्होंने बताया कि यहां बनने वाली रोपवे परियोजना का ठेका दिया जा चुका है और जल्द ही इस पर काम शुरू होगा। इससे श्रद्धालुओं को यात्रा करने में काफी सुविधा मिलेगी।
वहीं एसजीपीसी अध्यक्ष हरजिंदर सिंह धामी ने कहा कि यह पूरे अमृतसर के लिए गर्व की बात है कि यहां का एक बेटा देश के इतने ऊंचे पद पर सेवा दे रहा है।
इस मौके पर गुरु अंगद देव के प्रकाश पर्व के अवसर पर संगत को शुभकामनाएं भी दी गईं। लोगों को गुरमुखी लिपि को अपनाने और सेवा तथा सिमरन के मार्ग पर चलने के लिए प्रेरित किया गया।
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