अमृतसर: पंजाब विधानसभा में अमृतसर पश्चिम विधानसभा क्षेत्र की सीवरेज व्यवस्था को लेकर महत्वपूर्ण जानकारी सामने आई। स्थानीय निकाय मंत्री हरजोत सिंह बैंस ने बताया कि वर्ष 2022 से अब तक क्षेत्र के विभिन्न वार्डों में करीब 23 करोड़ रुपये की लागत से पुरानी सीवरेज पाइपलाइनें बदली जा चुकी हैं। उन्होंने कहा कि बचा हुआ कार्य भी अगले 20 दिनों के भीतर पूरा कर दिया जाएगा।
विधायक डॉ. जसबीर सिंह संधू ने रखी लोगों की समस्याएं
अमृतसर पश्चिम से विधायक डॉ. जसबीर सिंह संधू ने विधानसभा में कहा कि क्षेत्र के कई इलाकों में 50 वर्ष से अधिक पुरानी सीवरेज लाइनें होने के कारण लोगों को लंबे समय से परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने न्यू मॉडल टाउन, गुरु नानक पुरा, गुरु की वडाली, गुमटाला और छोटा हरिपुरा सहित कई इलाकों का उल्लेख करते हुए बताया कि बढ़ती आबादी और छोटी क्षमता वाली पुरानी पाइपलाइनें बार-बार जाम हो जाती हैं।
बड़े व्यास की नई पाइपलाइनें बिछाने की योजना
डॉ. संधू ने सरकार से पूछा कि जिन क्षेत्रों में पुरानी सीवरेज लाइनें पर्याप्त नहीं हैं, वहां नई और बड़े व्यास वाली पाइपलाइनें बिछाने के लिए क्या योजना बनाई गई है। इस पर मंत्री हरजोत सिंह बैंस ने कहा कि सरकार चरणबद्ध तरीके से सीवरेज नेटवर्क को मजबूत कर रही है और जरूरत पड़ने पर विस्तृत रिपोर्ट के आधार पर नए प्रस्ताव तैयार कर अतिरिक्त कार्य भी करवाए जाएंगे।
राज्यभर में सीवरेज व्यवस्था सुधारने पर फोकस
स्थानीय निकाय मंत्री ने यह भी बताया कि पंजाब में पहली बार मानसून से पहले करीब 1,400 किलोमीटर लंबी सीवरेज लाइनों की डी-सिल्टिंग (सफाई) करवाई गई है। इस अभियान के सकारात्मक परिणाम सामने आए हैं और कई स्थानों पर वर्षों से जमा मलबा एवं कंक्रीट हटाने के लिए विशेष सफाई अभियान भी चलाया जा रहा है।
लोगों को स्थायी राहत देने का दावा
सरकार का कहना है कि सीवरेज व्यवस्था को आधुनिक बनाने और नियमित सफाई अभियान के जरिए जलभराव तथा सीवरेज जाम जैसी समस्याओं को कम किया जाएगा। अधिकारियों के अनुसार, अधूरे कार्य समय पर पूरे होने के बाद अमृतसर पश्चिम के निवासियों को बेहतर सीवरेज सुविधा मिलने की उम्मीद है।
📍 Location: Amritsar (Amritsar)

