नई दिल्ली : स्टार बल्लेबाज केएल राहुल ने स्वीकार किया है कि विशेषकर उनके टी-20 अंतर्राष्ट्रीय करियर के मामले में हालात हमेशा उनके मन मुताबिक नहीं रहेंगे लेकिन उन्हें खुशी है कि वह स्वयं को टैस्ट विशेषज्ञ मानने की धारणा को तोड़ने में कामयाब रहे हैं। इस 34 वर्षीय बल्लेबाज ने पिछले महीने पंजाब किंग्स के खिलाफ आईपीएल मैच में 64 गेंद पर नाबाद 152 रन बनाए थे जो इस प्रारूप में उनके लगातार बेहतर प्रदर्शन का नमूना है।
राहुल ने कहा, 10 साल पहले मैं टी-20 टीम का हिस्सा बनने के लिए कुछ भी करने को तैयार था। मुझे कभी टी20 खिलाड़ी के रूप में नहीं आंका गया और न ही मुझे सीमित ओवरों का अच्छा खिलाड़ी माना गया। मुझे तो केवल टैस्ट खिलाड़ी के रूप में ही देखा जाता था। उन्होंने कहा, इसलिए उस सांचे से बाहर निकलना, सीमित ओवरों के अपने खेल को बेहतर बनाना और यहां तक पहुंचना मेरे लिए वाकई गर्व की बात है। इस दौरान मैंने गलतियां भी की हैं और ऐसी कई चीजें हैं जिन्हें मैं बेहतर कर सकता था।’